कैलसा। देहात क्षेत्र के ग्राम पृथ्वीपुर कलां में मुरादाबाद-दिल्ली रेल मार्ग पर फाटक संख्या 15/सी के पास निर्माणाधीन अंडरपास में तेज बारिश के बाद जलभराव हो गया। पानी भरने के कारण स्थिति इतनी बिगड़ गई कि ट्रैक्टर डूबने से ग्राम प्रशासक/प्रधान को घंटों तक फंसे रहना पड़ा।
पिछले कई महीनों से यहां अंडरपास का निर्माण कार्य चल रहा है। निर्माण के दौरान नीचे से ग्राम मोढ़ी जट की दिशा में ग्रामीणों का आवागमन भी शुरू हो गया था। बृहस्पतिवार की रात हुई तेज बारिश के कारण किनारों की मिट्टी कटकर अंडरपास के बीच रेलवे लाइन के नीचे जमा हो गई, जिससे जलभराव की स्थिति और गंभीर हो गई।
सुबह ग्राम पृथ्वीपुर कलां के प्रशासक/प्रधान मूलचंद सिंह अपने ट्रैक्टर-ट्रॉली से खेत में पशुओं के लिए हरा चारा लेने जा रहे थे। जैसे ही वे रेलवे ट्रैक के नीचे बने अंडरपास से गुजरे, वहां भरे अधिक पानी का अंदाजा नहीं लग सका और ट्रैक्टर अचानक गहरे पानी में फंसकर बंद हो गया। ट्रैक्टर डूबने की स्थिति में प्रधान किसी तरह सीट पर खड़े होकर अपनी जान बचाने में सफल रहे।
इसके बाद उन्होंने तत्काल गांव में सूचना दी। ग्रामीण मौके पर पहुंचे और लंबी रस्सी की मदद से दूसरे ट्रैक्टर को जोड़कर घंटों की मशक्कत के बाद फंसे हुए ट्रैक्टर को बाहर निकाला और प्रधान को सुरक्षित बाहर निकाला गया। घटना के बाद ग्रामीणों में रेलवे प्रशासन के प्रति नाराजगी देखने को मिली।
ग्रामीणों का कहना है कि यह समस्या रेलवे की लापरवाही का नतीजा है। उनका आरोप है कि अंडरपास के निर्माण में किनारों पर अस्थायी दीवार तो बनाई गई है, लेकिन बीच का हिस्सा खुला छोड़ दिया गया है, जिसके कारण बारिश के समय पानी और मिट्टी लगातार अंदर भर जाती है।
ग्रामीणों ने बताया कि इस समस्या को लेकर पहले भी डीआरएम को शिकायत भेजी जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। लोगों का कहना है कि आने वाले बरसात के मौसम में यह समस्या और गंभीर रूप ले सकती है, जिससे रोजाना आवागमन बाधित होगा। अंडरपास का निर्माण कार्य जल्द पूरा कर स्थायी समाधान किया जाए, जिससे भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो और आवागमन सुरक्षित हो सके।