गजरौला में दंपती के बीच हुए विवाद की भेंट चढ़े 10 माह के बच्चे को खोजने के लिए पुलिस ने गोताखोर लगाए। गोताखोरों ने उसे रेलवे पुल के आसपास और दोनों किनारों पर खोजने के लिए डुबकी लगाई। कांकाठेर निवासी धर्मेंद्र का 10 महीने का बेटा विवेक 15 अक्तूबर की तड़के तीन बजे से गायब है। जिसे लेकर खुद धर्मेंद्र बाहर निकला था।
पति पर 10 माह के बेटे को बेचने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कर चुकी महिला जुगाड़ू वाहन में सारा सामान भर कर अपने मायके ले गई। उसने कहा कि पति ने उसके मासूम बेटे को बेच दिया। आगे उसके दूसरे बेटे को भी बेच सकता है। उसके मायके वालों द्वारा जुगाड़ू में लादे जा रहे सामान की ग्रामीणों ने वीडियो बनाई।
थाना क्षेत्र के गांव कांकाठेर निवासी धर्मेंद्र की ससुराल हसनपुर कोतवाली क्षेत्र के गांव रुखालू में है। उसके खिलाफ पत्नी मिथलेश देवी ने 10 माह के बेटे विवेक को बेचने का आरोप लगाते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई। महिला का आरोप है कि एक दिन पूर्व विवाद होने पर 15 अक्तूबर की तड़के तीन बजे धर्मेंद्र ने अपने पास सुलाए 10 महीने के बेटे विवेक को ले जाकर बाहर बेच दिया।
उधर पुलिस से पूछताछ में धर्मेंद्र ने बताया कि उसका बच्चा सामने से ट्रेन आ जाने के कारण रेलवे पुल से गंगा में छूट कर गिर गया। पुलिस ने बच्चे को बरामद करने के लिए गंगा में कांबिंग की। ब्रजघाट से लेकर दयावली खालसा तक दोनों किनारे छान मारे। कहीं पर उसका पता नहीं चला। इधर मासूम के नहीं मिलने पर मिथलेश देवी व उसके मायके वालों ने बड़े बेटे के भविष्य की चिंता जताई।
उनकी आशंका है कि धर्मेंद्र बड़े बेटे लव को भी बेच सकता है। इसी डर के चलते मिथलेश देवी कांकाठेर में रुकने को तैयार नहीं हुई। उसने और मायके वालों ने जुगाड़ू वाहन में सामान लादा और अपने मायके रुखालू ले गई। इस दौरान ग्रामीणों ने उसकी वीडियो बनाई। जिससे कभी वह सामान ले जाने से इन्कार न कर सके।