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बगैर खेले ही जीत गई सिख इंटर कॉलेज की टीम

Sat, 20 Aug 2016 01:45 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला अमरोहा
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स्पोर्ट्स हॉस्टल में प्रवेश के लिए ट्रायल - फोटो : अमर उजाला
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देश में खेलों का बुराहाल है। एक तो बुनियादी सुविधाओं का अभाव, दूसरे जिम्मेदारों की अनदेखी से अच्छे खिलाड़ी उभर नहीं पा रहे हैं। हाल यह है कि, या तो प्रतियोगिताओं में खानापूर्ति की जा रही है, सूचना देने के बाद भी टीमें नहीं पहुंच रही हैं या जीत के लिए फर्जीवाड़ा किया जा रहा है।
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ऐसे में विश्व स्तरीय प्रतियोगिताओं में देश की संभावनाएं धूमिल हो रही हैं। ताजा मामला जिले की संकुल स्तरीय कबड्डी प्रतियोगिता का है। सिख इंटर कॉलेज में आयोजित की जा रही प्रतियोगिता में बगैर खेले ही मेजबान टीम जीत गई और इसमें मेजबान कॉलेज के प्रिंसिपल और पीटीआई की अलग राय सामने आई है। वहीं हारी बताई जा रही टीम के पीटीआई का कहना है कि, उन्हें तो इसके बारे में जानकारी ही नहीं है।

सिख इंटर कालेज में होने वाली कबड्डी संकुल प्रतियोगिता के दौरान शुक्रवार को मैदान पर कोई मिला ही नहीं। जब इस संबंध में जानकारी की गई तो प्रतियोगिता के बारे में अलग-अलग जानकारी सामने आई। सिख इंटर कालेज के प्रिंसिपल ने बताया कि प्रतियोगिता के बारे में संकुल के सभी इंटर कालेजों को सूचना दी गई थी, मगर किसी ने भी टीम नहीं भेजी। इससे उन्हें वाकओवर मिल गया।
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अब हमारी टीम शनिवार को मंडी धनौरा के लायंस इंटर कॉलेज में आयोजित होने वाली जिला स्तरीय प्रतियोगिता में खेलेगी। वहीं सिख इंटर कालेज के पीटीआई बख्शिंदर सिंह का कहना है कि, प्रतियोगिता में सिर्फ दो टीमें एएसएम इंटर कालेज खाता और मेजबान इंटर कालेज की टीम पहुंची थी। दोनों के बीच प्रतियोगिता हुई। इसमें सिख इंटर कालेज की टीम ने एएसएम खाता को 17-10 से पराजित कर दिया।

इसके बाद दोनों ही टीमों के अच्छे खिलाड़ियों का चयन जिला स्तरीय टीम के लिए किया गया। वहीं, जब इस संबंध में एएसएम इंटर कालेज के पीटीआई देव शरण सिंह से बात की गई तो उन्होंने बताया कि प्रतियोगिता के बारे में उन्हें कोई सूचना ही नहीं दी गई थी। तो खेलने का सवाल ही नहीं उठाता। अंदाजा लगाया जा सकता है कि किस तरह से संकुल प्रतियोगिता में फर्जीवाड़ा किया जा रहा है। 

मामले को गंभीरता से लिया जाएगा, इसकी जांच की जाएगी कि किस स्तर से लापरवाही हुई है। जांच में दोषी मिलने पर विभागीय कार्रवाई की जाएगी।
रविदत्त, डीआईओएस 

हमें तो प्रतियोगिता की सूचना ही नहीं मिली थी। इसलिए टीम केलने के लिए पहुंची ही नहीं। सिख इंटर कालेज की मेरे यहां से दूरी 10 मिनट की है। मैं प्रतियोगिता के बारे में पता करने गया था, लेकिन बख्शिंदर सिंह के घर पर ताला पड़ा था। - देव शरण सिंह, पीटीआई एएसएस इंटर कालेज खाता

प्रतियोगिता के बारे में सभी को सूचना दी गई थी, लेकिन कोई टीम खेलने के लिए नहीं पहुंची। सिख इंटर कालेज की टीम को वाकओवर मिल गया। हमारी टीम ही जनपदीय प्रतियोगिता में धनौरा में भाग लेगी।-सुखदर्शन सिंह शेखो, प्रिंसिपल, सिख इंटर कालेज

प्रतियोगिता में दो टीमें पहुंची थीं। हमारी टीम ने एएसएम इंटर कालेज खाता को सात अकों से हराया। इसके बाद जनपदीय टीम का चयन हुआ। यही टीम लायंस इंटर कालेज धनौरा में होने वाली जनपदीय प्रतियोगिता में भाग लेगी। -बख्शिंदर सिंह,  पीटीआई सिख इंटर कालेज
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