अमरोहा। करीब बारह साल पहले नीलगाय की हत्या करने के मामले में न्यायालय ने चार दोषियों को तीन-तीन साल की सजा सुनाई गई है। साथ ही एक लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। फिलहाल दोषी जमानत पर जेल से बाहर थे।
यह मामला आदमपुर थाने से जुड़ा है। 8 मई 2014 को आदमपुर थाना पुलिस ने कुछ लोगों को नीलगाय का शिकार करने के मामले में गिरफ्तार किया था। नीलगाय का वध करने वाले आरोपियों की पहचान क्षेत्र के गांव मदारीपुर निवासी शकील, मच्छरिया गांव के रहने वाले नजाकत, बंदू और जाहिद के रूप में हुई थी। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से असलाह भी बरामद किए थे। इस मामले में थाने में तैनात तत्कालीन दरोगा संजीव कुमार ने शकील, नजाकत, बंदू और जाहिद के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की थी। बाद में पुलिस ने तीनों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया था। फिलहाल तीनों जमानत पर जेल से बाहर थे। इस मुकदमे की सुनवाई एडीजे तृतीय की अदालत में चल रही थी। न्यायालय ने मुकदमे में आखिरी सुनवाई करते हुए साक्ष्यों व सबूतों के आधार पर शकील, नजाकत, बंदू और जाहिद को वन्य जीव जंतु संरक्षण अधिनियम और शस्त्र अधिनियम के मामले में दोषी करार दिया और चारों को तीन-तीन साल की साल सुनाई। साथ ही 104000 रुपये का जुर्माना लगाया है।