गन्ने का बकाया भुगतान न होने पर किसानों ने गन्ना समिति के कार्यालय पर तालाबंदी कर दी। भारतीय किसान यूनियन असली के नेतृत्व में किसानों ने नारेबाजी कर विरोध जताया। इस दौरान तहसीलदार की मौजूदगी में मिल अफसरों के 20 जुलाई तक पूरा भुगतान करने के लिखित आश्वासन पर किसान शांत हुए।
भाकियू असली के पदाधिकारियों ने बताया कि वेव इंडस्ट्रीज पर बीते पेराई सत्र का करीब 33 करोड रुपया किसानों का बकाया है। किसान संगठन काफी दिनों से गन्ना के बकाया भुगतान की मांग कर रहे हैं। भाकियू असली के कार्यकर्ताओं ने बीती दो जुलाई को एसडीएम को पत्र सौंपकर चेतावनी दी थी कि आठ जुलाई तक बकाया भुगतान नहीं हुआ तो नौ को गन्ना समिति कार्यालय की तालाबंदी की जाएगी।
बुधवार को मंडल अध्यक्ष डूंगर सिंह के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं व किसानों ने गन्ना समिति कार्यालय पर तालाबंदी कर दी। डूंगर सिंह तालाबंदी की जानकारी पर तहसीलदार मूसाराम मौके पर पहुंचे। उन्होंने मिल अफसरों को समिति कार्यालय पर बुलाया। गन्ना प्रबंधक दिनेश कुमार ने बताया कि 10 जुलाई तक 10 करोड़ और 20 जुलाई तक संपूर्ण गन्ना मूल्य भुगतान कर दिया जाएगा। भाकियू कार्यकर्ताओं ने इस संबंध में लिखित आश्वासन मांगा। मिल प्रतिनिधि ने लिखित आश्वासन पर तालाबंदी समाप्त कर दी गई। इस मौके पर नरेश कुमार, दिनेश प्रधान, जसपाल सिंह, सुरेश यादव, कपिल प्रधान, वचन सिंह, कलुवा खां आदि मौजूद रहे।