मंडी धनौरा। बिजली चोरी के शक में विभाग की टीम ने शुक्रवार की शाम एक फैक्टरी में छापा मारा। देर रात तक बिजली विभाग की टीम फैक्टरी के भीतर जांच कर रही थी। शनिवार को विभाग की ओर से फैक्टरी स्वामी के खिलाफ बिजली चोरी का केस दर्ज कराया गया है।
शुक्रवार की शाम बिजली विभाग की मीटर व परीक्षण विभाग की टीम ने खाद्य पदार्थों को फ्रीज करने वाली फैक्टरी में छापा मारा। मुख्य अभियंता राजेश बालियान ने बताया कि इस फैक्टरी पर 1200 किलोवाट का कनेक्शन स्वीकृत है। विभाग 100 किलोवाट से अधिक लोड के मीटर की एमआरआई करता है। डाटा विश्लेषण के अनुसार इस फैक्टरी में इस महीने बिजली की खपत पिछले महीनों के मुकाबले कम होने की जानकारी सामने आई थी। इस आधार पर विभागीय अधिकारियों को शक हुआ। शक के आधार पर बिजली टीम ने फैैक्टरी में छापा मारा। अधिशासी अभियंता नीरज कुमार ने बताया कि प्रथमदृष्टया बिजली चोरी होने के आधार पर फैक्टरी का कनेक्शन काट दिया गया है। उन्होंने बताया कि फैक्टरी स्वामी के खिलाफ बिजली चोरी का मुकदमा दर्ज करा दिया गया है। जुर्माने की कैलकुलेशन की जा रही है। वही फैक्टरी स्वामी ने बिजली चोरी से इंकार करते हुए कहा कि बिजली विभाग ने उसकी फैक्टरी को ग्रामीण क्षेत्र के बजाय शहरी क्षेत्र में दर्शाकर 65 लाख रुपये की अतिरिक्त धनराशि अवैध रूप से जमा कराई थी। हाईकोर्ट में इसकी शिकायत करने पर विभाग ने बिल ठीक किया था। इस वजह से बिजली विभाग के अधिकारी उससे रंजिश रखते हैं। बिजली विभाग ने रंजिशन उसकी फैक्टरी पर बिजली चोरी का झूठा केस दर्ज कराया है।