नौगावां सादात थाना क्षेत्र में आधी रात के बाद नकाबपोश बदमाशों ने पंजू सराय गांव के पांच परिवारों पर कहर ढहाया। कनपटी पर तमंचा रखकर परिवारों को बंधक बनाया और गोली मारने की धमकी देते हुए लूटपाट की। विरोध करने पर महिलाओं व बच्चों की पिटाई की। डेढ़ घंटे तक बदमाशों ने वारदात को अंजाम दिया। पांच लाख की डकैती डालकर फरार हो गए। घटना के एक घंटे बाद पहुंची पुलिस ने जंगल में लुटेरों की खोजबीन की, मगर कोई सुराग नहीं मिला। अज्ञात बदमाशों के खिलाफ तहरीर दी गई है।
नौगावां सादात थाना क्षेत्र के पंजू सराय निवासी अशोक पुत्र गंगाराम सब्जी बेचकर परिवार का भरण पोषण करता है। गांव के बाहरी छोर पर घर बनाया है। करीब 12 बजे 12 से अधिक नकाबपोश बदमाश दीवार कूदकर घर में दाखिल हो गए। घर में घुसते ही उन्होंने गृहस्वामी अशोक को जगाया और कनपटी पर तमंचा रख दिया। हाथ बांधकर कमरे में ले गए। पत्नी को भी उठा लिया। दोनों को कब्जे में लेते हुए सोने की अंगूठी, दो जोड़ी कुंडल, पांच हजार की नगदी, चांदी के जेवरसमेत करीब डेढ़ लाख का माल लूट लिया।
बाद में पड़ोसी आसेराम पुत्र शिवचरन के घर में घुस गए। यहां भी वहीं प्रक्रिया अपनाई। यहां से आटा, सात जोड़ी नए कपड़े, मोबाइल, दो हजार रुपए, सोने व चांदी के जेवरात सहित करीब 70 हजार का माल लूट लिया। आगे से दरवाजा बंद कर दो साथी बैठा दिए। तत्पश्चात बदमाशों ने राजमिस्त्री बुद्धू के घर में एंट्री की। राजमिस्त्री, उसकी बेटी लक्ष्मी व दामाद नरेंद्र को असलहों से धमकाया। हाथ बांध दिए। यहां से करीब 60 हजार का माल लूट लिया। उसकी बेटी को पड़ोसी रमेश के घर ले जाने लगे। मना करने पर उसे झापड़ मारा। इससे घबराकर वह साथ चली गई।
रमेेश के घर पहुंच कर लक्ष्मी ने चाचा दरवाजा खोलो, की आवाज लगाई, जिस पर रमेश ने गेट खोल दिया। इसके बाद बदमाशों ने उसे व उसकी पत्नी जगवती को कब्जे में लेकर 70 हजार का सामान लूट लिया। यहां से दुकानदार पीतम के घर में घुस गए। बरामदे में सो रहे पीतम को उठाया और कनपटी पर तमंचा लगाकर हाथ बांध दिए। इसके घर में नगदी व जेवरों के बारे पूछताछ करने लगे।
पत्नी निर्देश व बेटे विकास व विनीत ने विरोध किया तो बदमाशों ने उनके साथ मारपीट की। यहां से बदमाशों ने 25 हजार की नगदी, सोने चांदी के जेवर, कपड़े, दुकान का सामान समेत करीब डेढ़ लाख का माल बटोर लिया। बाद में परिवार को कमरे में बंद कर भाग गए। करीब आधा घंटा बाद परिवार बंधनमुक्त हुए और पुलिस को खबर की। डकैती की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गए। पीड़ित परिवारों से जानकारी हासिल कर बदमाशों की खोजबीन की, मगर सफलता नहीं मिल सकी।