वासुदेव नगर की बैंक कालोनी में मंगलवार को बाथरूम में पानी गर्म करने के लिए लगाए गए इमर्शन राड की चपेट में आग कर जिला सहकारी बैंक रामपुर में तैनात कैशियर की मौत हो गई। पति के चिल्लाने पर उसे बचाने के लिए दौड़ी पत्नी भी करेंट के झटके से दूर जा गिरी। स्विच बंद कर उसे डाक्टर के पास ले जाया गया जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
परिजनों का रो-रोकर बुराहाल है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। वासुदेव नगर की बैंक कालोनी निवासी लेखपाल रामदेव सिंह का पुत्र कृष्ण कुमार (33) रामपुर जिला सहकारी बैंक कैशियर थे। सोमवार तड़के वो आफिस जाने की तैयारी कर रहे थे। कृष्ण कुमार नहाने के लिए बाथरूम में गए।
बाथरूम में पानी गर्म करने के लिए बाल्टी में इमर्शन रॉड लगा था। पैर फिसलने से नंगे पांव कृष्ण कुमार मुंह के बल बाल्टी पर जा गिरे और करेंट की चपेट में आ गए। शोर सुनकर कृष्ण कुमार की पत्नी बबिता बाथरूम की ओर दौड़ी और उन्हें छुड़ाने की कोशिश की। करेंट लगने से वो भी छिटक कर दूर जा गिरी। रामदेव सिंह ने स्विच बंद कृष्ण कुमार को बाल्टी से अलग किया।
इसके परिजन कृष्ण कुमार को एक निजी अस्पताल ले गए, जहां डाक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौत की सूचना से से परिजनों में कोहराम मच गया। पत्नी और बच्चों का रो-रो कर बुरा हाल है। आसपास के लोगों की भीड़ घर एकत्र हो गई। सूचना के बाद पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। शव का पंचनामा भर कर पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। घर पर सांत्वना देने वालों का तांता लगा था।
मृतक कृष्ण कुमार के दो बच्चे हैं। बड़ी बेटी झिलमिल आठ साल की और बेटा निकुंज पांच साल का है। उन्हें क्या पता था कि पापा उन्हें ऐसे ही छोड़ जाएंगे। घर में मचे कोहराम के बीच परिजनों ने उन्हें दूसरे को घरों में भेज दिया था। पत्नी बबीता तो रो-रोकर बेसुध सी हो गई थी। परिजन उसे संभालने में लगे थे।