गजरौला। बुधवार सुबह तेज बारिश के बीच रेलवे स्टेशन पर यात्री खुद को भीगने से बचाने के लिए शेड तलाशते दिखे। स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर दो पर शेड बना है लेकिन उसकी भी स्थिति जर्जर हाल है। सुबह करीब छह बजे शुरू हुई बारिश एक घंटे तक जारी रही। इसके बाद भी बूंदाबांदी का सिलसिला जारी रहा जिससे नगर के अधिकांश हिस्सों में जलभराव की स्थिति बन गई है।
नगर के बस्ती मार्ग पर जलभराव हो गया जिससे आने जाने वालों को पानी से गुजरना पड़ा। उधर, रेलवे स्टेशन पर बारिश व धूप से बचने के लिए कोई पुख्ता इंतजाम नहीं है। इस कारण यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। बारिश में भीगने से बचने के लिए सैकड़ों यात्री जर्जर शेड के नीचे खड़े देखे गए। वहीं, कुछ यात्री प्लेटफॉर्म पर बने चाय की स्टॉल में छिप गया। कुछ यात्री पैदल यात्री पुल के नीचे बारिश से खुद को बचाते नजर आए। स्टेशन अधीक्षक केएल कश्यप ने बताया कि स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर दो पर शेड बना है। हालांकि यह अभी जर्जर हो चुका है। स्टेशन पर निर्माण का काम चल रहा है। जल्द ही काम पूरा हो जाएगा।
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बारिश के साथ तेज हवा से धान की फसल गिरी
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मंडी धनौरा। लगातार हो रही बारिश व तेज हवा से फसलें प्रभावित हो रही हैं। बुधवार को तेज हवा के साथ आई बारिश से धान की फसल को काफी नुकसान पहुंचा गया। कई जगह फसल गिर गई है। किसानों ने सरकार से नुकसान का आकलन कर मुआवजा दिए जाने की मांग की है।
गांव आशुवाला, इब्राहीमपुर, चांदरा फार्म, मुकारमपुर, रसूलपुर भांवर, लाडनपुर, नेकपुर, पटटी खादर, शेरपुर, जैथल, आजमपुर आदि में धान की खेती होती है। इन गांवों के किसान धान बड़े रकबे में फसल लगाते हैं। बुधवार सुबह बारिश के साथ तेज हवा से धान की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है। किसान मेजर सिंह ने बताया कि खादर क्षेत्र में पहले से ही किसान विपरीत परिस्थितियों का सामना कर रहे हैं। धान की फसल को भी बारिश व तेज हवा से नुकसान पहुंचा है। भजन सिंह ने भी धान की फसल गिर गई है। उधर, किसान बाढ़ से नष्ट हुई फसल का आकलन कर मुआवजा दिए जाने की मांग कर रहे हैंं। संवाद