डीएम ने बुधवार को पीएमश्री संविलियन विद्यालय नन्हेड़ा अल्यारपुर का निरीक्षण किया। इस दौरान स्कूल में खामियां मिलने पर बीईओ का वेतन रोकने के साथ ही पूर्व प्रधानाध्यापक पर विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
डीएम निधि गुप्ता वत्स ने निरीक्षण के दौरान खेल और शिक्षण सामग्री रखने के कमरे में रखे हुए बॉक्स को एक-एक कर खोलकर देखा। सरकार की ओर से बच्चों के उपयोग के लिए मिली खेल और शिक्षण सामग्री का इस्तेमाल नहीं होने पर उन्होंने नाराजगी जताई। साथ ही उन्होंने बीईओ की जिम्मेदारी तय करते हुए इसे वित्तीय अनियमितता बताते हुए जांच के निर्देश दिए। उन्होंने जांच पूरी होने तक बीईओ के वेतन पर रोक लगा दी। कायाकल्प के लिए मिली राशि से कोई कार्य न होने पर उन्होंने पूर्व प्रधानाध्यापक बरेश लाल पर निर्माण कार्यों में शिथिलता बरतने पर विभागीय कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
डीएम ने विद्यालय में निर्माणाधीन अतिरिक्त कक्षा कक्ष, बाल वाटिका, दिव्यांग शौचालय का भी जायजा लिया। उन्होंने कार्य की लागत, पूर्ण होने की अवधि, प्राप्त राशि सहित अन्य बिंदुओं के बारे में जानकारी ली। उन्होंने विद्यालय में जर्जर भवन का मूल्यांकन कराकर ध्वस्त कराने के निर्देश दिए।
बच्चों से सवाल भी पूछे
डीएम ने बच्चों का शैक्षिक मूल्यांकन करते हुए उनसे सवाल जवाब भी किए। मिडडे-मील के लिए उन्होंने मसाले और दूध की गुणवत्ता सही रखने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान डिप्टी कलक्टर बृजपाल सिंह, बीएसए डॉ. मोनिका भी मौजूद रहीं। इसके बाद डीएम ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का भी निरीक्षण किया। जहां दवाओं व टीबी मरीजों के बारे में जानकारी की। इस दौरान उन्होंने गर्भवती, धात्री और नवजात शिशुओं को लगने वाले टीकों को समय से लगाने के निर्देश दिए।