आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायक वेलफेयर एसोसिएशन ने भाजपा सरकार पर धोखा और छल बरतने का आरोप लगाया। कहा कि भाजपा ने वादा पूरा नहीं किया है। कोरोना महामारी के आड़ में कार्यकर्ता और सहायकों को नौकरी से हटा दिया है। छह सूत्रीय पत्र डिप्टी कलक्टर सुधीर कुमार को दिया। सीएम योगी आदित्य नाथ को भेजे गए आखिरी पत्र में विधानसभा 2022 के चुनाव में नोटा का बटन दबाने का एलान किया है।
जिलाध्यक्ष सत्य बाला चौधरी और सचिव माया चौहान की अगुवाई में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायक गुरुवार को कलक्ट्रेट के पार्क में एकत्र हुए। यहां से नारेबाजी करते हुए डीएम कार्यालय के सामने पहुंचें। उन्होंने कहा है कि जून 2018 का समझौता लागू किया जाए। जबरिया सेवानिवृत्त किए गए कार्यकर्ताओं को जीवन यापन के लिए पेंशन दिलाए। प्रोत्साहन भत्ते से काम नहीं चलेगा। लिहाजा मानदेय में नियमित बढ़ोत्तरी की जाए। प्राथमिक स्कूलों के साथ संबद्धता पर अतिरिक्त मानदेय और भत्ते भी दें। स्कूलों की तर्ज पर 15 दिन का शीतकालीन और 45 दिन का ग्रीष्मकालीन अवकाश दिया जाए। ताकि हम लोगों को छुट्टी मिल सके। संगठन की सदस्यों ने कहा कि भाजपा
सरकार ने वादे को पूरा नहीं किया है। कोरोना महामारी का भरपूर फायदा उठाया कई कार्यकर्ता और सहायकों को जबरिया हटा दिया गया है। भाजपा ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायकों के साथ छल किया है। विधानसभा चुनाव में नोटा का बटन दबाएगी। आशा रानी, प्रमोद चौहान, सरिता, माया, सुदेश, शारदा, कौशल्या, रजनी, सुधा, सुमन, कमलेश, सीमा, बबिता, भुवनेश्वरी, रेखा, पूनम, सुमित्रा आदि रही।