गौरीगंज स्थित अधीक्षण अभियंता कार्यालय के बाहर प्रदर्शन करती महिलाएं। -संवाद
अमेठी सिटी। बिजली समस्याओं के समाधान की मांग को लेकर महिलाएं गौरीगंज के ट्रांसमिशन 132 केवी पावर हाउस परिसर में चार दिन से अनिश्चितकालीन धरने पर हैं। रात में भी परिसर में रहकर भोजन कर रहीं महिलाओं की समस्याओं के समाधान और धरना समाप्त कराने की प्रशासनिक स्तर पर अब तक पहल नहीं हुई है।
संगठन अध्यक्ष रीता सिंह के नेतृत्व में मंगलवार से चल रहे धरने में महिलाओं ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति बाधित रहने से खेतों की सिंचाई, घरेलू कामकाज और घरों में पानी की व्यवस्था प्रभावित हो रही है। कई बार शिकायत किए जाने के बाद भी आपूर्ति व्यवस्था में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ। महिलाओं ने बिजली बिलों की जांच कर गलत बिलों को दुरुस्त कराने और शिकायतों का शीघ्र निस्तारण कराने की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने 16 जुलाई को हुए प्रदर्शन का मामला भी उठाया। आरोप है कि उस दौरान जेई और संबंधित कर्मियों ने धरना दे रहीं महिलाओं के साथ अभद्रता की थी। इसके बाद महिलाओं के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी गई, जबकि आरोपी कर्मियों पर अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई। महिलाओं ने जेई के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने और अन्य मांगों को पूरा करने की मांग की है। महिलाओं का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर लिखित आश्वासन नहीं मिलता, तब तक धरना समाप्त नहीं किया जाएगा।
अधीक्षण अभियंता अरुण कुमार सिंह ने बताया कि धरने की जानकारी उच्चाधिकारियों और संबंधित ट्रांसमिशन अधिकारियों को दे दी गई है। मामला ट्रांसमिशन और पुलिस विभाग से संबंधित है।
पुलिस को भेजी गई रिपोर्ट
ट्रांसमिशन के एक्सईएन संजय चतुर्वेदी ने बताया कि मंगलवार को महिलाओं से वार्ता की गई थी। पुलिस की ओर से मांगी गई रिपोर्ट बृहस्पतिवार को डाक से भेजी गई। शुक्रवार को रिपोर्ट सीओ कार्यालय को उपलब्ध करा दी गई। सीओ अखिलेश वर्मा ने बताया कि रिपोर्ट प्राप्त हो गई है। उसमें दर्ज तथ्यों की जांच की जाएगी। जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।