अमेठी सिटी। जिले की निष्क्रिय तीन सहकारी समितियों को फिर से संचालित किया जाएगा। इसके लिए लाइसेंस आदि की प्रक्रिया चल रही है। इनके संचालन से करीब 18 हजार किसानों को सुविधा मिलेगी।
कृषि एवं सहकारिता विभाग किसानों को बेहतर सुविधा उपलब्ध कराने में जुटा है। बीते दिनों जिले में डीएपी की किल्लत होने से किसानों को परेशानियों का सामना करना पड़ा था। बोआई के समय खाद के लिए किसान परेशान थे, लेकिन अब किसानों को खाद के लिए परेशान नहीं होना पड़ेगा। जिले के ब्लॉक तिलोई स्थित कुकहा रामपुर, रमई और ब्लॉक बाजारशुकुल स्थित बरतंडा साधन सहकारी समिति करीब डेढ़ दशक पूर्व निष्क्रिय हो गई थीं, जिससे किसानों को परेशानी उठानी पड़ रही थी।
किसानों को खाद के लिए कई किलोमीटर दूर का रास्ता तय कर परेशान होना पड़ता था। सहकारिता विभाग की ओर से किसानों की समस्या को देखते हुए इन तीनों समितियों के संचालन की कवायद की जा रही है। लाइसेंस आदि की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। इनसे संचालन से स्थानीय समिति पर उन्हें आसानी से यूरिया मिल सकेगी। इन तीनों समितियों के संचालन से करीब 18 हजार किसानों को राहत मिल जाएगी। उन्हें नजदीकी केंद्र से बिना किसी परेशानी के खाद मिल सकेगी।
सहकारिता विभाग के सहायक आयुक्त मित्रसेन वर्मा ने बताया कि डेढ़ दशक पूर्व तीनों समितियां निष्क्रिय हो गई थीं। तीनों समितियों के संचालन को लेकर लाइसेंस आदि की प्रक्रिया की जा रही है। इस माह तीनों का संचालन शुरू करा दिया जाएगा।