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ग्राम प्रधान की मौजूदगी में कुनबे पर हुआ था हमला

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गौरीगंज (अमेठी)। 15 मार्च को गुंगवाछ के राजापुर गांव में ग्राम प्रधान की मौजूदगी में दुस्साहसिक वारदात को अंजाम दिया गया था। करीब 40 मिनट से ज्यादा समय तक बदमाश कहर बरपाते रहे। घटना में जीवित बचे घायल घरवालों का आरोप है कि वारदात को अंजाम देते समय ग्राम प्रधान, पति व उनका बेटा भी मौके पर शामिल थे।
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गुंगवाछ के पूर्व ग्राम प्रधान अमरेश यादव के कुनबे पर 15 मार्च की सरेशाम हुई दुस्साहसिक वारदात के पांचवें दिन भी लोग दहशत में हैं। इस वारदात में पूर्व प्रधान अमरेश, उनके बड़े भाई हनुमान, पिता संकठा प्रसाद तो माता पार्वती की मौत हो गई थी। बदमाशों की हैवानियत का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि अमरेश को मारने के बाद उनका शरीर वहीं रखे मौरंग के ढेर में दबा दिया गया था सिर्फ उनका आधा पैर ही बाहर था।
घायल परिजनों के अनुसार मौरंग गिराते समय पहले राम दुलारे व उसके पुत्र ही मौके पर आए और विवाद करना शुरू किया था। इसी बीच ग्राम प्रधान आशा देवी अपनी कार से पति रामशंकर व पुत्र नितिन के साथ मौके पर पहुंचीं। उनके पहुंचते ही राम दुलारे के घर तथा बाग से अचानक कई लोग मौके तक आ गए। फिर क्या था ग्राम प्रधान आशा तिवारी ने कहा कि आज समाप्त कर दो सबको हम देख लेंगे। इतने में ही वहां मौजूद अमरेश और हनुमान पर सब टूट पड़े।
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इसके बाद जैसे-जैसे कुनबे के लोग एक-एक कर आते गए यह लोग उन्हें गिराते गए। घायल अशोक के अनुसार उनकी भाभी अनीता उनकी मां पार्वती के पीछे ही मौके पर गईं। कहा कि मां जैसे ही हनुमान की ओर बढ़ीं तो प्रधान आशा तिवारी ने उनके बाल पकड़कर जमीन पर गिरा दिया और स्वयं मारने लगीं और बेटे को आवाज देकर बुलाया कि इसे भी समाप्त करो। वहीं मौके पर पहुंचे अमरजीत पर भी यह लोग टूट पड़े।
अमरजीत ने बताया कि वह वहां खड़ी ट्रैक्टर-ट्रॉली के पीछे से भागा इस बीच हमलावर दूसरे पर टूट पड़े। अमरजीत वहीं बाग में एक पेड़ के पीछे छिप गया और पूरी वारदात अपनी आंखों से देखता रहा। अमरजीत के अनुसार इन सात लोगों के अलावा भी कई लोग थे। जिसको जमीन पर गिरा देते थे उसे दोबारा उठने का मौका नहीं दे रहे थे।
गिरने के बाद इतना वार करते थे कि मरा समझने के बाद ही छोड़ा था। कहता है कि हमलावर इतने क्रूर थे कि 12 वर्षीय राजकुमार को भी नहीं बख्शा। राजकुमार की मां धन्नो देवी उसके ऊपर लेट गई और पूरा वार सहती रही। धन्नो इस कदर घायल है कि आज भी वह अस्पताल में जिंदगी मौत के बीच संघर्ष कर रही हैं।
वारदात के समय बंद हो गई थी विद्युत आपूर्ति
अमेठी। वारदात के समय अचानक विद्युत आपूर्ति बंद होना भी एक साजिश लग रही है। ग्राम प्रधान का पावर कारपोरेशन के अफसरों के साथ ही बेनीपुर उपकेंद्र पर दबदबा बताया जाता है। पीड़ित परिवार इसमें भी प्रधान की मिलीभगत मान रहा है।
मृत पूर्व प्रधान के घायल भाई अमरजीत के अनुसार जिस समय उनके परिवार पर जानलेवा हमला हुआ था उस समय विद्युत आपूर्ति चल रही थी। कहा कि अचानक उसी बीच आपूर्ति बंद हो गई थी। बताया कि वह एक पेड़ के पीछे छिपा था। अचानक अंधेरा होने से वह मारपीट में शामिल अन्य लोगों को ठीक से पहचान नहीं सका। कहा कि प्रधान आशा तिवारी पीआरडी रहते पावर कारपोरेशन के एक्सईएन से लेकर उनके कई कार्यालयों पर ड्यूटी कर चुकी हैं।
इसी के चलते बिजली विभाग में भी उनका दबदबा था। कई बार वह बिजली वालों को जबरन भेज कर कई लोगों को परेशान करवा चुकी हैं। पीड़ित परिवार बिजली कटने को भी एक साजिश से जोड़कर देख रहा है। इनकी मानें तो बिजली कटने के बाद चारों तरफ अंधेरा होने और चीखने चिल्लाने की गूंज से पूरे गांव के लोग सहम गए थे। एक बार जो ग्रामीण बाहर निकले भी वे अंधेरा होने के चलते यह अंदाजा नहीं लगा सके कि कितने बदमाश हैं और किन हथियारों से लैस हैं। पीड़ित परिवार के अनुसार बिजली विभाग के अफसरों से बिजली कटने की भी जांच करनी चाहिए।
विधायक ने दी 50 हजार रुपये की सहायता
अमेठी। गुंगवाछ के राजापुर गांव में 15 मार्च को हुई चार लोगों की हत्या के बाद सांत्वना देने वालों का तांता लगा है। शनिवार दोपहर बाद अमेठी विधायक महराजी प्रजापति पीड़ित परिवार के घर पहुंचीं। उन्होंने परिवार वालों को ढांढ़स बधाते हुए पूरी घटना की जानकारी ली। विधायक ने पीड़ित परिवार के घायल सदस्यों के इलाज के लिए 50 हजार रुपये की नकद आर्थिक सहायता राशि दी। विधायक ने अनाथ हुए बच्चों की पूरी शिक्षा तथा बेटियों की शादी में पूरी मदद का भरोसा दिया। कहा कि वे आजीवन परिवार के साथ खड़ी रह कर हर संभव मदद करेंगी। साजिश करने वालों की शिनाख्त के साथ परिवार की सुरक्षा के लिए वे अफसरों से बात करेंगी। इस मौके पर सुधा प्रजापति, अंकिता प्रजापति, राजेश प्रजापति व रामचंद्र यादव आदि मौजूद रहे। (संवाद)
24 घंटे निगरानी में गांव
घटना के पांचवें दिन भी मृत पूर्व प्रधान के घर पर बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात रही। सीओ अर्पित कपूर ने बताया कि रात व दिन दो पालियों में पुलिस फोर्स लगाई गई है। फोर्स मृत प्रधान के घर, घटना स्थल तथा आरोपी के घर पर लगाए गए हैं। नागरिक पुलिस के साथ ही पीएसी बल भी मौजूद है।
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