गौरीगंज (अमेठी)। लोगों के सामने उत्पन्न आर्थिक संकट दूर करने के लिए शासन ने सौर ऊर्जा आधारित उद्योग के लाभार्थियों को अनुदान देने का निर्देश दिया है। इस संबंध में मुख्य कार्यपालक अधिकारी ने खादी ग्रामोद्योग विभाग को पत्र जारी किया है। योजना के तहत लाभार्थियों का चयन ऑनलाइन आवेदन करने व हार्डकॉपी जमा करने के बाद स्कोर के आधार पर होगा। चयन के बाद अनुदान राशि लाभार्थी के ऋण खाते में अंतरित होगी।
पर्यावरण संतुलन कायम रखने के साथ ही लोगों को रोजगार मुहैया कराने के लिए प्रदेश सरकार ने सौर ऊर्जा आधारित उद्योगों को प्रोत्साहित करने की योजना बनाई है। कवायद सफल हो सके तथा लॉकडाउन अवधि में लोगों के सामने उत्पन्न आर्थिक परेशानी को दूर किया जा सके, इसके लिए प्रधानमंत्री व मुख्यमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत लक्ष्य निर्धारित किया गया है।
लक्ष्य निर्धारण करने के बाद मुख्य कार्यपालक अधिकारी नवनीत सहगल ने खादी ग्रामोद्योग विभाग को पत्र जारी किया है। पत्र के जरिये आवेदन के बाद साक्षात्कार चयन विधि को समाप्त करते हुए ऑनलाइन आवेदन व हार्डकॉपी जमा होने के बाद स्वत: जारी स्कोर के आधार पर चयन करते हुए बैंकों से ऋण स्वीकृत कराकर उद्योग की स्थापना कराने का निर्देश दिया है।
पत्र मिलने के बाद जिला ग्रामोद्योग अधिकारी ने लोगों से विभाग की वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन कर अभिलेख व हार्डकॉपी कार्यालय में जमा करने को कहा है। आवेदन मिलने के बाद विभाग उद्योग स्थापना के लिए बैंक से ऋण दिलाते हुए अनुदान की राशि ऋण खाते में अंतरित करेगा।
जिला खादी एवं ग्रामोद्योग अधिकारी आरके पांडेय ने बताया कि सौर ऊर्जा आधारित प्रोजेक्ट जैसे सोलर बेस्ट आटा मिल, मिल्क तथा कोल्ड स्टोरेज, सोलर पंप, आयल एक्सपेलर मशीन, सोलर बेस्ट औद्योगिक सिलाई मशीन, ई-रिक्शा, सोलर पैनल, एलईडी लाइट, सोलर बेस्ट बैटरी निर्माण, मल्टी पैनल सोलर बेस्ट मोबाइल चार्जर व एमसीबी आदि उद्योग पर अनुदान मिलेगा।