अमेठी। फर्जी नौकरी के दस्तावेज लगाकर एसबीआई की अलग-अलग शाखाओं से 6.40 करोड़ रुपये का एक्सप्रेस क्रेडिट ऋण लेने के मामले में गठित एसआईटी ने जांच तेज कर दी है। टीम 64 ऋण खातों में बताई जा रही गड़बड़ी से जुड़े दस्तावेज और लेनदेन की कड़ियां खंगाल रही है। पुलिस ने राजीव गांधी पॉलीटेक्निक संस्थान के मुख्य कार्यालय कक्ष को सील कर दिया है।
मुख्य प्रबंधक राहुल सिंह की तहरीर पर मुसाफिरखाना कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज की गई है। इसमें राजीव गांधी पॉलीटेक्निक और ग्रामोद्योग सेवा संस्थान से जुड़े प्रबंधक, प्रधानाचार्य समेत 12 लोगों को नामजद किया गया है। बैंक की ओर से कथित फर्जी नियुक्ति पत्र, वेतन परची, फॉर्म-16, ऋण खातों का विवरण और बैंक स्टेटमेंट लगाकर ऋण लेने का आरोप लगाया गया है।
सीओ अतुल कुमार सिंह के नेतृत्व में इंस्पेक्टर संजीव कुमार और एसआई गोपालमणि मिश्रा मामले की जांच कर रहे हैं। टीम ऋण खातों, बैंक रिकॉर्ड, नियुक्ति संबंधी दस्तावेज और धन के लेनदेन की कड़ियों को खंगाल रही है। संस्थान के मुख्य कार्यालय को सील कर वहां मौजूद अभिलेखों की भी जांच की जा रही है। एसपी सरवणन टी. ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला स्तरीय एसआईटी गठित की गई है। टीम सभी पहलुओं की जांच कर रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।