फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Amethi News: किसान दिवस पर फूटा किसानों का गुस्सा

Thu, 17 Jul 2025 12:03 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
विज्ञापन
 किसान दिवस में अफसरों को समस्याओं से अवगत कराते किसान। 
विज्ञापन
अमेठी सिटी। अघोषित बिजली कटौती और नहरों में पानी नहीं आने से नाराज किसानों का बुधवार को विकास भवन सभागार में आयोजित किसान दिवस में गुस्सा फूट पड़ा। किसानों ने मौजूद अफसरों को जमकर खरीखोटी सुनाई। अफसरों ने नहरों में पानी छोड़ने का दावा किया तो किसानों ने पानी नहीं आने से फसलों के सूखने व धान की रोपाई नहीं होने की बात कही। डीएम, सीडीओ सहित अन्य विभागों के जिम्मेदार अफसरों के नहीं पहुंचने पर भी किसान नाराज दिखे।
विज्ञापन

किसान कमलाकांत तिवारी ने कहा कि अगर नहरों में पानी छोड़ा गया है तो पानी कहां जा रहा है। टिकरी, भुसेरिया, चतुर्भुजपुर आदि माइनर की न तो सफाई की गई और न ही टेल तक पानी पहुंचा। निराश्रित गोवंशों को पालने के लिए मुख्यमंत्री सहभागिता योजना के तहत अब तक एक भी रुपया पशुपालकों को नहीं मिला। सीएचसी जगदीशुपुर, मुसाफिरखाना में मरीजों की भीड़ अधिक लगने से परचा बनवाने में समय लगता है। मझगवां सीएचसी चिकित्सकविहीन है।
किसान रीता सिंह ने जिला अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती होने के बाद भी मरीजों की जांच नहीं होने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। साथ ही ऊर्जा निगम के अधिशासी अभियंता से कार्यालय में जनसुनवाई के समय नहीं बैठने का कारण पूछा। ग्रामीण क्षेत्रों में सिर्फ सात से आठ घंटे बिजली मिल रही है। सवाल उठाया कि जब पेट्रोलिंग और लाइन की मरम्मत के लिए धनराशि आती है तो लगातार फीडर और उपकेंद्र क्यों ब्रेकडाउन हो रहे हैं।
विज्ञापन

पात्रों का राशन से नाम काटे जाने और किसान दिवस की तीन बैठकों में जिला कृषि अधिकारी के नहीं आने पर सवाल उठाया।
किसान ओम प्रकाश दूबे ने कहा कि बिजली विभाग में भ्रष्टाचार व्याप्त है। आपूर्ति नहीं मिल रही है लेकिन उपभोक्ताओं को 60 से 70 हजार रुपये का बिजली बिल भेजा जा रहा है। उन्होंने उप कृषि निदेशक को पांच सूत्री मांगपत्र देते हुए कहा कि अगर समय से निस्तारण नहीं हुआ तो प्रदर्शन किया जाएगा।
किसान अजय सिंह ने सात किमी लंबी माइनर में 50 वर्षों से पानी नहीं आने और राजकीय नलकूप नहीं चलने की शिकायत की। किसान शिवकुमार पांडेय, राकेश मिश्र, राजेंद्र सिंह व अन्य ने बिजली-पानी संग निराश्रित गोवंशों की समस्या उठाई। साथ ही पशु चिकित्सालयों में दवाओं की कमी, कागजों पर टीकाकरण आदि समस्याओं को उठाया। बैठक में उपकृषि निदेशक सतेंद्र तिवारी, ऊर्जा निगम के अधीक्षण अभियंता धर्मविजय सहित अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें