मुसाफिरखाना। सुल्तानपुर के कुड़वार के पूरे शुकुलन का पुरवा मजरे पिपरी गांव निवासी किसान सीताराम (55) की शुक्रवार दोपहर लखनऊ-सुल्तानपुर रेल ट्रैक पर कस्थुनी पूरब गांव के पास सद्भावना एक्सप्रेस की चपेट में आने से मौत हो गई। इसके बाद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
परिजनों के अनुसार सीताराम सुबह घर से खेत जाने की बात कहकर निकले थे। काफी देर तक नहीं लौटने पर उनकी तलाश शुरू की गई। इसी दौरान घर से करीब पांच किलोमीटर दूर कस्थुनी पूरब गांव के पास रेल ट्रैक किनारे उनका शव मिलने की सूचना मिली। मौके पर पहुंचे पुत्र दिनेश कुमार ने शव की पहचान अपने पिता के रूप में की।
घटनास्थल पर उनकी साइकिल भी रेल ट्रैक के किनारे खड़ी मिली। परिजनों का कहना है कि वह वहां कैसे पहुंचे, इसकी जानकारी नहीं है।सीताराम की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। पत्नी श्यामपता का रो-रोकर बुरा हाल है। पुत्र दिनेश कुमार, रमेश कुमार और सुरजीत पिता के शव से लिपटकर बिलखते रहे। गांव के लोगों ने किसी तरह परिजनों को संभाला। थानाध्यक्ष विवेक कुमार सिंह ने बताया कि परिजनों ने किसी पर कोई आरोप नहीं लगाया है। मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।