अमेठी सिटी। कलक्ट्रेट में बृहस्पतिवार को आयोजित जिला उद्योग बंधुओं की बैठक में डीएम ने उद्यमियों की समस्याएं सुनीं। उद्यम स्थापना से पहले उद्यमियों को बैंक से ऋण, औद्योगिक क्षेत्र में बिजली व्यवस्था आदि का मुद्दा उठाते हुए परेशानी जाहिर की। डीएम ने उद्यमियों के शिकायतों की सुनवाई करने के बाद संबंधित अधिकारियों से कहा कि जिले में उद्योगों को बढ़ावा देने के साथ-साथ उद्यमियों की समस्याओं का भी निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर किया जाए।
डीएम निशा अनंत ने उद्यमियों, व्यापारियों को श्रम विभाग में श्रमिकों का भी पंजीकरण कराने को कहा। डीएम ने सहायक श्रमायुक्त को श्रमिकों का पंजीकरण कराने के साथ ही शासन की संचालित विभिन्न योजनाओं की श्रमिकों को जानकारी देने एवं लाभान्वित करने के निर्देश दिए। एक जिला एक उत्पाद/मूंज क्राफ्ट के अन्तर्गत वित्त पोषण के लिए सहायता योजना, मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के अंतर्गत विभिन्न इकाइयों से प्राप्त आवेदनों के सापेक्ष ऋण वितरण सहित औद्योगिक संगठनों, उद्यमियों की सुरक्षा व्यवस्था तथा प्राप्त शिकायतों का निस्तारण के संबंध में समीक्षा की गई।
डीएम ने कहा कि उद्यमियों की समस्याओं का निराकरण संबंधित अधिकारी प्राथमिकता के साथ करें। निवेश मित्र पोर्टल पर विभिन्न विभागों के स्तर पर लंबित प्रकरणों की समीक्षा करने के बाद निर्धारित समय सीमा में प्राप्त आवेदनों को निस्तारित करने के निर्देश दिया।
बैठक में व्यापार मंडल के अध्यक्ष समीर कुरैशी ने विभिन्न विभागों यथा बैंकिंग, श्रम, विद्युत, फूड आदि से स्थानीय स्तर पर कैंप लगाकर अपने विभाग से संबंधित योजनाओं का प्रचार प्रसार करने, जगदीशपुर चौराहे पर स्पीड ब्रेकर, सिंबल स्ट्रिप बनवाने तथा सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में स्टेक होल्डर के रूप में उद्यमियों को सदस्य के रूप में प्रतिभाग करने का सुझाव दिया गया।
बैठक में सीडीओ सूरज पटेल, उपायुक्त उद्योग, जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केंद्र दिनेश कुमार चौरसिया, सीओ मयंक द्विवेदी, खादी एवं ग्रामोद्योग अधिकारी महेंद्र मिश्र, प्रबंध निदेशक यूपीएसआईडीसी अजय, एलडीएम गणेश यादव सहित अन्य संबंधित अधिकारी व उद्यमी उपस्थित रहे।