गौरीगंज (अमेठी)। परिषदीय स्कूलों में शिक्षा व्यवस्था बेहतर बनाने के साथ शिक्षकों की मनमानी पर अंकुश लगाने के लिए बीएसए ने बुधवार को 10 स्कूलों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान स्कूल में कमी मिलने पर तीन प्रधानाध्यापक तो हस्ताक्षर करने के बाद अनुपस्थित मिले एक शिक्षामित्र का वेतन बाधित करते हुए चार शिक्षकों को नोटिस जारी कर जवाब देेने का निर्देश दिया।
बीएसए डॉ. अरविंद कुमार पाठक बुधवार को अचानक उच्च प्राथमिक विद्यालय भुसियावां पहुंचे। वहां बाउंड्रीवॉल का निर्माण होने के बावजूद गेट लगा नहीं मिला तो सबमर्सिबल पंप होने के बावजूद स्कूल में विद्युत कनेक्शन नहीं था। इतना ही नहीं स्कूल में टाइल्स नहीं लगी थी, तो रंगाई पुताई के साथ स्कूल का नाम सही से नहीं लिखा था। हैंडवाशिंग यूनिट भी क्रियाशील नहीं मिली। स्कूल में मिली कमियों ने नाराज बीएसए ने प्रधानाध्यापक सुमन त्रिपाठी का वेतन रोकते हुए सभी व्यवस्थाएं सही कराने का निर्देश दिया।
इसी तरह प्राथमिक विद्यालय रंगभरिया में भी बाउंड्रीवॉल की रंगाई पुताई का कार्य नहीं किया गया था। स्कूल में मिली कमियों पर प्रधानाध्यापक माता प्रसाद का वेतन रोकते हुए स्कूल की रंगाई पुताई व साफ सफाई कराते हुए अपना स्पष्टीकरण फोटो समेत देने का निर्देश दिया। यहां से निकलकर वे प्राथमिक विद्यालय धनापुर, डालो और मटियार बघौरा तथा मनीरामपुर में पहुंचे। निरीक्षण के दौरान कमी मिलने पर प्रधानाध्यापक से जवाब-तलब करते हुए व्यवस्था में सुधार का निर्देश दिया।
प्राथमिक विद्यालय थौरा में निरीक्षण के दौरान शिक्षामित्र श्याम बहादुर हस्ताक्षर करने के बावजूद अनुपस्थित मिले तो बीएसए ने उनका भी मानदेय स्थगित कर दिया। प्राथमिक स्कूल देवीपाटन प्रथम व द्वितीय में निरीक्षण के दौरान संतकुमार मिश्र व कुमारी प्रियंका अवकाश पर मिलीं तो विद्यालय की रंगाई पुताई नहीं मिली। स्कूल में रंगाई-पुताई नहीं होने पर प्रधानाध्यापक को नोटिस जारी कर रंगाई-पुताई कराते हुए जवाब देने को कहा।
डेहरा के उच्च प्राथमिक स्कूल के प्रधानाध्यापक संतोष कुमार हस्ताक्षर बनाकर नदारद मिले तो प्राथमिक स्कूल कुड़वा में कंपोजिट ग्रांट के दुरुपयोग व मेन्यू के अनुसार एमडीएम नहीं बना मिलने पर प्रधानाध्यापक आलोक यादव का वेतन अग्रिम आदेश तक बाधित करते हुए बीईओ को जांच कर रिपोर्ट देने का निर्देश दिया। बीएसए ने स्कूल में शिक्षण कार्य बेहतर करने के साथ मिली कमियों को दूर कर व्यवस्था बेहतर करने को कहा। बीएसए ने जवाब से संतुष्ट नहीं होने तथा व्यवस्थाओं में सुधार नहीं होने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है।