फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पर्यावरण जागरूकता के लिए आगे आएं युवा

विज्ञापन
अंबेडकरनगर के बीएनकेबीपीजी कॉलेज में प्लास्टिक प्रबंध के बारे में आयोजित गोष्ठी में मौजूद छात्? - फोटो : AMBEDKAR NAGAR
विज्ञापन
अंबेडकरनगर। बीएनकेबी महाविद्यालय के सेमिनार हाल में बृहस्पतिवार को प्लास्टिक वेस्ट कचरा प्रबंधन जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इसकी अध्यक्षता महाविद्यालय की प्राचार्या प्रोफेसर शुचिता पांडेय ने की। इस दौरान उन्होंने छात्र-छात्राओं को प्लास्टिक वेस्ट कचरे की समस्या से अवगत कराया। कहा कि 15 जुलाई 2018 से 50 माइक्रॉन तक की प्लास्टिक आधारित वस्तुएं जैसे पॉलीथिन, थर्माकोल से बने पत्तल इत्यादि प्रतिबंधित किए गए हैं। 30 सितंबर 2021 से 75 माइक्रॉन तक की प्लास्टिक से बनीं वस्तुएं प्रतिबंधित की गई हैं। ऐसे में जरूरत है कि छात्र-छात्राएं आम नागरिकों को इसके लिए जागरूक करें। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे पर्यावरण जागरूकता के लिए पूरी गंभीरता से आगे आएं।
विज्ञापन

प्राचार्या शुचिता पांडेय ने कहा कि पॉलीथिन एक घातक कचरा है। इसका प्रयोग न सिर्फ हमारे शरीर को नुकसान पहुंचाता है, बल्कि हमारी उपजाऊ मिट्टी को भी प्रभावित करता है। पॉलीथिन जिस स्थान पर पड़ जाती है, वहां पर फसल का तैयार हो पाना मुश्किल हो जाता है। यदि इसे हम जलाकर नष्ट करते हैं तो इससे उठने वाला धुआं भी काफी घातक होता है। ऐसे में हमें अनिवार्य रूप से पॉलीथिन के प्रयोग से बचने की जरूरत है।
हमें बाजार जाते समय अपने साथ थैला ले जाने की पुरानी परंपरा को अपनाना चाहिए। बताया कि करीब दो दशक पहले तक लोग बाजार जाते समय अपने साथ थैला ले जाते थे। इससे वह सामानों को उसमें रखकर ले आते थे। पॉलीथिन के प्रयोग से बचने के लिए हमें इस अच्छी आदत को अपनाना होगा।
विज्ञापन

उन्होंने कहा कि युवाओं की जिम्मेदारी है कि वह न सिर्फ स्वयं इस पर अमल करें, बल्कि दूसरों को भी जागरूक करें। आम नागरिकों से आह्वान करें कि वह पॉलीथिन के प्रयोग से बचें। सभी के सहयोग से ही इस मुहिम को सफल बनाया जा सकेगा। साथ ही हम पॉलीथिन मुक्त समाज बना बना सकेंगे। छात्र-छात्राओं ने भी बतौर वक्ता पॉलीथिन के प्रयोग व उसके दुष्प्रभाव के बारे में विस्तार से समझाया। छात्र-छात्राओं ने समाज को इसके प्रति जागरूक करने का संकल्प भी लिया।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें