जहांगीरगंज। कस्बे में एक प्रेम कहानी परवान चढ़ गई। पुलिस के हस्तक्षेप और समझाने के बाद परिजनों की सहमति से एक युवक और युवती ने सोमवार को एक मंदिर में सात फेरे लेकर एक-दूसरे को अपना लिया। यह प्रेम विवाह इसलिए खास रहा क्योंकि दोनों के परिजन इस रिश्ते के लिए तैयार नहीं थे, जिसके बाद प्रेमिका की ओर से थाने में गुहार लगाई गई।
प्राप्त जानकारी के अनुसार जहांगीरगंज के एक युवक का अपने पड़ोस के गांव की युवती के साथ पिछले पांच वर्षों से प्रेम प्रसंग चल रहा था। दोनों एक-दूसरे से गहरा लगाव रखते थे और विवाह करना चाहते थे। हालांकि परिवारजनों की ओर से इस रिश्ते को स्वीकार करने में आनाकानी की जा रही थी, जिससे दोनों के भविष्य पर प्रश्नचिह्न लग गया था।
जब परिजनों से कोई सकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं मिली तो प्रेमिका ने हिम्मत दिखाते हुए सोमवार को स्थानीय थाने में पहुंचकर एक प्रार्थना पत्र दिया। इस प्रार्थना पत्र के माध्यम से उसने अपनी स्थिति से पुलिस को अवगत कराया और विवाह संपन्न कराने में मदद की गुहार लगाई। प्रेमिका की गोहार पर संज्ञान लेते हुए, पुलिस ने तत्परता दिखाई।
थाना प्रभारी अजय यादव के निर्देशानुसार युवक को थाने तलब किया गया। पुलिस ने युवक से बात की और उसे विवाह के लिए राजी करने का प्रयास किया। पुलिस के समझाने से यह संभव हो पाया है।