अंबेडकरनगर। बसखारी के कटया गंजन में सात वर्ष पूर्व प्रेम प्रसंग में प्रेमी की हत्या के मामले की शुक्रवार को विशेष न्यायाधीश एससीएसटी एक्ट राम विलास सिंह ने सुनाई कर विनीता मौर्य, पंकज मौर्य व रवि मौर्य को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। इनके ऊपर 20-20 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। जुर्माना अदा न करने पर तीन-तीन माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।
कटया गंजन निवासी अखिलेश (21) उर्फ नंदन का गांव की विनीता के साथ प्रेम प्रसंग चल रहा था। इस दौरान विनीता की शादी टांडा कोतवाली के गौरा गूजर निवासी पंकज मौर्य के साथ हो गई थी। शादी के बावजूद दोनों का प्रेम प्रसंग चलता रहा। वर्ष 2018 जून माह में विनीता अपने मायके कटेया गंजन आई थी। चार जून को अखिलेश गांव से बरात गया था। देर शाम विनीता ने प्रेमी अखिलेश को फोन करके गांव के बाहर खेत में मिलने के लिए बुलाया था। अखिलेश घर बरात में जाने की बात कहकर प्रेमिका से मिलने गया था।
पहले से घात लगाए बैठी प्रेमिका विनीता के साथ उसके पति पंकज मौर्य और भाई तत्कालीन ग्राम प्रधान बजरंगी मौर्य ने गमछे से गला घोटकर हत्या कर दी थी। दूसरे दिन पांच जून की सुबह कुछ महिलाएं शौच लिए आई खेत में गईं थीं। वहां अखिलेश को मृत देख परिजनों को सूचना दी थी। मृतक अखिलेश के पिता रणजीत की तहरीर पर तीनों के खिलाफ हत्या, एससीएसटी समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज हुआ था। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। कोर्ट में आरोप पत्र दाखिल कर दिया गया था। इसी मामले में कोर्ट ने तीनों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।