धन निकासी के लिए रविवार को लोगों को एक एटीएम से दूसरे एटीएम के लिए भटकने को मजबूर होना पड़ा। कार्डधारकों ने नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि अवकाश के दिनों में धन निकासी के लिए इधर-उधर न भटकना पड़े, इस उद्देश्य से लगाए गए एटीएम आमतौर पर अवकाश के दिनों में जवाब दे जाते हैं।
कभी एटीएम में धन न होने से कार्डधारकों को मायूस होना पड़ता है, तो कभी तकनीकी खराबी के चलते एटीएम का समुचित लाभ नहीं मिल पाता। जिला मुख्यालय पर स्टेट बैंक आफ इंडिया, बैंक ऑफ बड़ौदा, यूनियन बैंक, पंजाब नेशनल बैंक, एचडीएफसी, केनरा बैंक, इलाहाबाद बैंक आदि के दो दर्जन से अधिक एटीएम विभिन्न क्षेत्रों में स्थापित किए गए हैं।
मगर इन एटीएमों का समुचित लाभ कार्डधारकों को नहीं मिल पा रहा है। अवकाश के दिनों में तो यह सेवा पूरी तरह बेपटरी हो जाती है। होली, गुड फ्राइडे, माह का अंतिम शनिवार व रविवार के अवकाश के बीच जिले की एटीएम सेवा ने भी कार्डधारकों की मुश्किलें बढ़ाए रखीं।
रविवार को कार्डधारक धन निकासी के लिए एक एटीएम से दूसरे एटीएम का चक्कर लगाते रहे, लेकिन कहीं धन न होने, तो कहीं तकनीकी खराबी के चलते मायूसी हाथ लगी। कार्डधारक सुनील व अभिषेक मेहरोत्रा ने कहा कि एटीएम की स्थापना तो कर दी गई, लेकिन उसका समुचित लाभ उपभोक्ताओं को मिल सके, इसके लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया जाता है।
बैंक में पांच दिन के अवकाश के साथ ही एटीएम सेवा के जवाब देने से उनके समक्ष मुश्किलें खड़ी हो रही हैं। छात्रा सुमित्रा व शीबा ने कहा कि वह धन निकासी के लिए बीते दो दिनों से कई एटीएम जा चुकी हैं, लेकिन धन नहीं निकल सका। जलालपुर, आलापुर, भीटी व टांडा तहसील के विभिन्न क्षेत्रों में स्थापित तमाम एटीएम ने भी रविवार को कार्डधारकों का पूरी तरह साथ नहीं दिया।