अंबेडकरनगर। विश्व तंबाकू निषेध दिवस पर सोमवार को जिले में विविध आयोजन हुए। कोरोना संकट के चलते सार्वजनिक तौर पर कोई बड़ा कार्यक्रम आयोजित नहीं किया गया। जिला अस्पताल समेत सभी सीएचसी व पीएचसी और स्वास्थ्य केंद्रों पर कर्मचारियों को धूम्रपान न करने की शपथ दिलाई गई। इसके साथ ही आम नागरिकों से भी अपील की गयी कि कैंसर, टीबी सहित तमाम जानलेवा बीमारियों से दूरी बनाए रखने को धूम्रपान से परहेज अवश्य करें।
विश्व तंबाकू निषेध दिवस के मौके पर सोमवार को जिला अस्पताल में सीएमओ डॉ. अशोक कुमार ने कर्मचारियों को धूम्रपान न करने की शपथ दिलाई। आम नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि धूम्रपान करने से न र्सिफ मुंह व गले का कैंसर होता है, बल्कि पेट व फेफड़े भी प्रभावित होते हैं। मौजूदा समय में कोरोना संकट को देखते हुए धूम्रपान करना और भी खतरनाक व जानलेवा साबित हो सकता है। ऐसे में लगातार धूम्रपान करने से फेफड़े कमजोर होने से कोरोना का वॉयरस ज्यादा घातक साबित होता है।
सीएमओ ने अपील की कि कोरोना संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए कोविड प्रोटोकाल के साथ ही तंबाकू, सिगरेट, गुटखा आदि का सेवन भी कतई न करें। धूम्रपान करने के दौरान इस बात का ख्याल करें कि उनका परिवार उन पर ही निर्भर है। सीएचसी जलालपुर में प्रभारी डा. जावेद आलम ने कर्मचारियों को शपथ दिलाई।
उन्होंने तंबाकू का सेवन करने से होने वाले नुकसान के बारे में विस्तार से जानकारी दी। कहा कि सिगरेट, बीड़ी, पान, गुटखा का सेवन करने से विभिन्न प्रकार की बीमारियां होती हैं। इसी तरह जिले के अन्य सभी सीएचसी, पीएचसी व स्वास्थ्य केंद्रों पर भी कर्मचारियों को धूम्रपान से दूरी बनाए रखने की शपथ दिलाई गई। साथ ही अपील की गई कि खुद के साथ अपने आसपास अन्य लोगों व नाते रिश्तेदारों को भी तंबाकू सेवन से परहेज बरतने को जागरूक बनाए।