जलालपुर (अंबेडकरनगर)। जलालपुर नगर के मोहल्ला जाफराबाद स्थित बहिश्त-ए-वफा (रौज -ए-हजरत अब्बास) में मजलिस-ए-खम्सा के अंतिम दिन शुक्रवार को वतन की मुहब्बत शीर्षक पर चर्चा हुई।
मजलिस में मौलाना इफ्तेखार अली फराज वास्ती ने खिताब करते हुए कहा कि वतन की मुहब्बत प्रत्येक नागरिक पर लाजिमी है। उन्होंने कहा कि जिस भी व्यक्ति के अंदर वतन, अपने मुल्क से प्रेम नहीं है उसको उस मुल्क में रहने का अधिकार नहीं है। मौलाना ने मजलिस के अंत में कर्बला की रुदाद पढ़ी तो मोमनीन फूट फूटकर रोए। इससे पूर्व कल्वे हसन अहसन व उनके हमनवां ने मर्सिया ख्वानी पेश किया।
आयोजक इब्ने अली जाफरी ने आगंतुकों के प्रति आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर मास्टर शरीफ अहमद, अकबर अब्बास, अंजुम असगर, मास्टर जुहैर, मोहम्मद मूसा, मेहंदी रज़ा छेदी, इश्तियाक हुसैन, रजी भाई, अकील अब्बास, अंसार जलालपुरी,हुसैन अहमद, मोहम्मद मेहदी, सईद अहमद समेत अन्य लोग मौजूद रहे। (संवाद)