बसखारी (अंबेडकरनगर)। हंसवर क्षेत्र के चौबेपुर गांव में एक दिव्यांग युवक को नौकरी दिलाने का झांसा देकर धोखाधड़ी करने और जमीन की जबरन रजिस्ट्री कराने के प्रयास का सनसनीखेज मामला सामने आया है। इस प्रकरण में बसखारी ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि कृष्णचंद्र सिंह पर साजिश में शामिल होने का गंभीर आरोप लगा है। पीड़ित शशांक चतुर्वेदी ने आईजीआरएस पर शिकायत दर्ज कराई है।
चौबेपुर निवासी शशांक चतुर्वेदी का आरोप है कि गांव के मानस चौबे, सिद्धार्थ उपाध्याय, नीरज तिवारी निवासी बढ़ियानी कला, बसखारी और ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि कृष्णचंद्र सिंह उर्फ केसी सिंह निवासी उमराव भीटी ने मिलकर उन्हें नौकरी दिलाने का लालच दिया। करीब तीन महीने तक उन्हें बहलाया-फुसलाया गया। पीड़ित के अनुसार, 6 से 10 जनवरी के बीच प्रवीण कुमार पांडेय और अविनाश पांडेय की ओर से उसके खाते में 1.20 लाख रुपये भेजे गए, जिसे एक घंटे के भीतर कृष्णचंद्र सिंह के खाते में ट्रांसफर करा लिया गया। इसके बाद, 13 जनवरी को आरोपियों ने कथित तौर पर पीड़ित को एक अज्ञात वाहन से टांडा रजिस्ट्री कार्यालय ले जाकर नशीली गोली खिलाई। पीड़ित के भाई मयंक चतुर्वेदी को इसकी जानकारी मिलने पर गांव के लोग रजिस्ट्री कार्यालय पहुंच गए। विरोध होने पर आरोपी मौके से फरार हो गए।
शशांक का कहना है कि उसे नौकरी के नाम पर एग्रीमेंट का झांसा दिया गया था और जमीन की रजिस्ट्री कराने का प्रयास किया जा रहा था। वहीं, दूसरी ओर ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि कृष्णचंद्र सिंह का कहना है कि उन्होंने 1.20 लाख रुपये उधार दिए थे और पैसा वापस न करना पड़े, इसी मंशा से उन पर झूठा आरोप लगाया जा रहा है। प्रभारी निरीक्षक अभिनीष सिंह ने बताया कि तहरीर मिलने पर मामले की जांच की जा रही है और जांच के बाद नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।