अंबेडकरनगर। सम्मनपुर क्षेत्र में वर्ष 2020 में दर्ज मारपीट, घर में घुसकर हमला करने और जान से मारने की धमकी देने के मामले में न्यायालय ने साक्ष्य के अभाव में चारों आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया। मामला सम्मनपुर के हजपुरा से संबंधित है।
वादी अमन अब्बास ने आठ अगस्त 2020 को आरोप लगाया था कि पुरानी रंजिश के चलते फहीम, अली मोहम्मद, रजी हैदर और सिब्ते हसन ने विवाद के बाद उसे दौड़ाकर घर में घुसकर चाकू, चेन और डंडों से हमला किया व जान से मारने की धमकी दी। पुलिस ने विवेचना के बाद आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया।
विचारण के दौरान अभियोजन पक्ष ने वादी अमन अब्बास समेत तीन गवाहों को न्यायालय में पेश किया। हालांकि, मुख्य गवाह अमन अब्बास ने जिरह के दौरान स्वीकार किया कि खेल के दौरान कहासुनी हुई थी, वह घबरा गया था। आरोपियों ने घर में घुसकर जान से मारने की धमकी नहीं दी थी। उसने यह भी बताया कि अब दोनों पक्षों के बीच समझौता हो चुका है। आरोपी उसके रिश्तेदार हैं।
अभियोजन के अन्य दोनों गवाह कादिर हसन और राशिद हुसैन ने भी न्यायालय में घटना का समर्थन नहीं किया। सिविल जज (जूडि) एफटीसी/जेएम रुपांशु आर्य ने अभियोजन पक्ष को आरोप सिद्ध करने में असफल मानते हुए फहीम, अली मोहम्मद, रजी हैदर और सिब्ते हसन को दोषमुक्त कर दिया।