सुलेमपुर/बसखारी। विकासखंड बसखारी की ग्राम पंचायत रामपुर बेनीपुर में सोमवार को कोटे की दुकान के चयन की प्रक्रिया दूसरी बार शुरू हुई, क्योंकि पहले कोरम पूरा न होने और हंगामे के कारण चयन नहीं हो सका था। इस बार कुछ ग्रामीणों के विरोध और हंगामे के बीच आजीविका समूह से जुड़ी आठ महिलाओं ने आवेदन जमा किए। नोडल अधिकारी एडीओ पंचायत उमाशंकर सिंह ने आवेदन प्राप्त कर रिपोर्ट विभाग को भेजने की प्रक्रिया शुरू की।
ग्राम पंचायत भवन में ग्राम प्रधान गंगेश पासवान की अध्यक्षता में बैठक हुई। इसमें एडीओ पंचायत उमाशंकर सिंह, आईएसबी धीरेंद्र प्रताप सिंह, पंचायत सचिव दिनेश यादव और अमरजीत वर्मा मौजूद थे। बैठक शुरू होते ही कुछ ग्रामीणों ने समूह की महिलाओं को प्राथमिकता देने का विरोध किया। उन्होंने हंगामा भी किया। सूचना पर हंसवर और टांडा थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। नोडल अधिकारी ने उप जिलाधिकारी टांडा संजीव सिंह से फोन पर बात की। अधिकारियों से जानकारी के बाद प्रक्रिया आगे बढ़ी और आवेदन स्वीकार किए गए।
आवेदन करने वाली महिलाओं में रजनी पत्नी दीपक, सीमा पत्नी विनोद और विजयलक्ष्मी पत्नी शिवपूजन शामिल हैं। संजू देवी पत्नी धर्मेंद्र, रीना पत्नी वीरेंद्र और नीरज देवी पत्नी राहुल कुमार ने भी आवेदन किया। सुनीता पत्नी सुरेंद्र और मनीषा पत्नी दिलीप भी आवेदकों में हैं। एडीओ पंचायत उमाशंकर सिंह ने बताया कि सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान के चयन में आजीविका समूह की महिलाओं को प्रथम वरीयता दी जाती है। उन्होंने कहा कि आठ आवेदन मिले हैं और अंतिम चयन नियमानुसार होगा।