आलापुर (अंबेडकरनगर)। तहसील आलापुर में एक नामांतरण प्रकरण को लेकर ग्राम लखीमपुर निवासी देवी प्रसाद ने जिलाधिकारी से शिकायत की है। शिकायतकर्ता का आरोप है कि तहसीलदार आलापुर के विरुद्ध की गई शिकायत की जांच उनके ही अधीनस्थ पेशकार से कराई गई है, जिससे जांच की निष्पक्षता पर गंभीर प्रश्नचिन्ह लग गया है। देवी प्रसाद ने मुख्यमंत्री से इस पूरे मामले की स्वतंत्र और उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है।
शिकायतकर्ता देवी प्रसाद के अनुसार, तहसीलदार आलापुर द्वारा पारित आदेश दिनांक 9 सितंबर 2025 और जांच अधिकारी पेशकार की रिपोर्ट दिनांक 29 नवंबर 2025 भ्रामक और तथ्यहीन हैं। उनका कहना है कि नामांतरण से जुड़ा एक वाद 27 अक्टूबर 2023 को साक्ष्य के अभाव में खारिज हो चुका था। इसके बावजूद करीब डेढ़ वर्ष बाद इस वाद को पुनः प्रचलित कर दिया गया और बिना पर्याप्त अभिलेखों के नामांतरण आदेश पारित कर दिया गया। शिकायतकर्ता ने अपनी शिकायत में विशेष रूप से इस बात पर जोर दिया है कि तहसीलदार के विरुद्ध की गई शिकायत की जांच उन्हीं के मातहत काम करने वाले पेशकार से कराई गई है। यह प्रक्रिया स्वाभाविक रूप से निष्पक्षता पर सवाल खड़े करती है, क्योंकि अधीनस्थ अधिकारी अपने वरिष्ठ अधिकारी के विरुद्ध की गई जांच में कितनी निष्पक्षता बरत सकता है, यह एक बड़ा प्रश्न है।