अंबेडकरनगर। समर्थ उत्तर प्रदेश विकसित उत्तर प्रदेश 2047 अभियान के अंतर्गत मंगलवार को जिले में आयोजित कार्यक्रम में भविष्य की विकास रूपरेखा के लिए मंथन हुआ। नोडल अधिकारी व सचिव प्रांजल यादव की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में प्रबुद्ध जनों, कृषकों, छात्रों व उद्यमियों ने अपने-अपने सुझाव रखकर विजन डॉक्यूमेंट 2047 को और मजबूत दिशा दी।
जिला अर्थ व संख्या अधिकारी अनुपम सिंह ने विजन डॉक्यूमेंट के बारे में बताया कि वर्ष 2023-24 में जिले की जीडीपी 20,713 करोड़ रही, जिसे वर्ष 2046-47 तक 96,729 करोड़ तक ले जाने का लक्ष्य है। वार्षिक विकास दर को 13.9 से बढ़ाकर 18 प्रतिशत और प्रति व्यक्ति आय को 61,753 रुपये से बढ़ाकर 17 लाख रुपये तक पहुंचाना उद्देश्य है। मुख्यमंत्री डैशबोर्ड की रैंकिंग में अंबेडकरनगर लगातार शीर्ष-5 में रहा है। कार्यक्रम में छात्रों ने स्थानीय स्तर पर रोजगार और अप्रेंटिस अवसर बढ़ाने तथा शिक्षा व्यवस्था को और व्यावहारिक बनाने से जुड़े सुझाव रखे। माध्यमिक शिक्षा विभाग ने आधुनिक प्रयोगशालाओं और दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए अतिरिक्त संसाधनों की जरूरत बताई। टांडा टेक्सटाइल्स एसोसिएशन के अध्यक्ष कासिम अंसारी ने कपड़ा उद्योग के विस्तार के लिए डिजिटल प्रिंटिंग, पैकेजिंग, टेस्टिंग लैब और एक्सपोर्ट हब जैसी सुविधाओं पर विचार रखा। इसके साथ ही, पांच सितंबर से पांच अक्तूबर तक चल रहे अभियान के दौरान अधिक से अधिक लोग क्यूआर कोड के माध्यम से अपने सुझाव साझा करने की अपील की।