व्यापारियों ने बाजार बंद कर व्यापार मण्डल अध्यक्ष के नेतृत्व में अकबरपुर इल्तिफातगंज मार्ग जाम कर दिया और जोरदार प्रदर्शन किया। व्यापारियों ने कहा कि क्षतिग्रस्त हो चुके विभिन्न मार्गों को ठीक कराने की मांग अरसे से की जा रही है, लेकिन इस तरफ कोई ध्यान नहीं दिया गया।
चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही उनकी मांगों का निस्तारण नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा। इस दौरान बाजार की सभी दुकानें बंद रहीं।
लंबे समय से जलनिकास व जर्जर मार्गों की समस्या झेल रहे व्यापारियों का धैर्य सोमवार सुबह जवाब दे गया। एकजुट हुए व्यापारियों को नगर वासियों ने व्यापार मण्डल अध्यक्ष सभाजीत वर्मा के नेतृत्व बाजार बंद कर अकबरपुर-इल्तिफातगंज मार्ग जाम कर दिया।
इस मौके पर श्री वर्मा ने कहा कि प्रशासन को लोगों की समस्याओं से कोई लेनादेना नहीं है। डांड़ी-महमूदपुर से लेकर नाउसांडा स्थित इंटर कॉलेज के मुख्य गेट तक सड़क बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो चुकी है। मौजूदा समय में इस सड़क पर जलभराव बना हुआ है। इससे आवागमन दूभर हो गया है।
जलनिकासी की समुचित व्यवस्था न होने के चलते ही समस्या और भी बढ़ गई है। प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत निर्माणाधीन अकबरपुर इल्तिफातगंज सड़क के निर्माण में धांधली का आरोप लगाते हुए कहा कि निर्माण में न सिर्फ मानक की अनदेखी की जा रही है, वरन इसकी चौड़ाई भी कम है।
इसकी शिकायत कई बार संबंधित अधिकारियों से की गई, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया जा सका। केदारनगर बाजार में जल निकास संकट को लेकर लोगों ने गहरी नाराजगी जतायी। कहा कि पानी की समुचित निकास न होने के कारण मुख्य मार्ग पर हमेशा जलभराव बना रहता है।
वक्ताओं ने कहा कि हसनपुर व विश्रामपुर गांव में सफाईकर्मी लंबे समय से नदारद है। इससे इन गावों में गंदगी का साम्राज्य कायम है। वक्ताओं ने केदारनगर बाजार में सड़क के किनारे लगने वाली मछलीमंडी को हटाए जाने की मांग भी की ।
बताया कि क्षतिग्रस्त मागों की बाबत कई बार अधिकारियों को अवगत कराया गया लेकिन कोई कदम नहीं उठाया गया। नतीजतन समस्या जस की तस बनी हुई है। अब इसे कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
इस दौरान बाजार की सभी दुकाने बंद रहीं। प्रदर्शन में व्यापार मण्डल संयोजक हरीराम बौद्ध, राजेश यादव, उदयप्रताप, अनुज कुमार, दयाराम कसौधन, लल्लन जायसवाल, राजेश पाण्डेय, अशोक कुमार, संतराम जायसवाल, ओमप्रकाश जायसवाल, रमेशचंद्र, सचिन आदि मौजूद रहे।