आंबेडकर प्रतिमा स्थापित करने की जिद पर अड़े ग्रामीण।
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महरुआ के नसीरपुर गांव में मंगलवार सुबह नौ बजे अचानक डॉ. आंबेडकर प्रतिमा स्थापित किए जाने पर हंगामा हो गया। महिलाओं ने मूर्ति हटवाने पहुंचे पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। करीब नौ घंटे तक चले मान-मनौवल के बाद ग्रामीण शांत हुए। इसके बाद पुलिस ने मूर्ति हटवाई। गांव में एहतियातन पुलिस बल तैनात किया गया है।
महरुआ क्षेत्र के नसीरपुर गांव में मंगलवार को कुंजीलाल ने अपने साथियों के साथ प्रशासन से बिना अनुमति लिए जयंती के दिन डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा स्थापित कर दी। इस पर हंगामा होने लगा। मामले की जानकारी होते ही एसओ महरुआ महेंद्र सरोज पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। एसओ ने मूर्ति हटाने के लिए कहा तो महिलाएं उग्र हो गईं। देखते ही देखते प्रतिमा स्थल के पास सैकड़ों ग्रामीण इकट्ठा हो गए और मूर्ति स्थापित रहने देने पर अड़ गए।
उच्चाधिकारियों को सूचना मिली तो एसडीएम भीटी धर्मेंद्र कुमार व सीओ भीटी लक्ष्मीकांत मिश्र कई थानों की पुलिस के साथ मौके पर पहुंच गए। इस पर महिलाओं ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी बात करने का प्रयास करते रहे लेकिन वह मानने को तैयार नहीं हुए। करीब नौ घंटे तक चले हंगामे और मान-मनौवल के बाद ग्रामीण शांत हुए। इसके बाद पुलिस ने मौके से मूर्ति को हटवाया और कुंजीलाल के घर पर वापस रखवा दिया। कुंजीलाल ने अनुमति मिलने के बाद मूर्ति स्थापित किए जाने का आश्वासन दिया है। गांव में एहतियातन पुलिस बल तैनात किया गया है।