अंबेडकरनगर। डीएम के सख्त निर्देश के बाद गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस वे के लिए जमीन रजिस्ट्री व मुआवजा देने की प्रक्रिया में तेजी दिखने लगी है। किसानों की भूमि की प्राथमिकता के आधार पर रजिस्ट्री कराई जा रही है। अब तक करीब 900 किसानों का करीब 95 करोड़ रुपए का भुगतान करने की कार्रवाई पूरी की जा चुकी है। इस कार्य में और तेजी लाई जा सके, इसके लिए अधीनस्थों को निर्देशित किया गया है।
बीते दिनों डीएम की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक के दौरान गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस वे के लिए जमीन रजिस्ट्री व मुआवजा देने की प्रक्रिया में ढिलाई बरतने की सूचना आई थी। इसे लेकर डीएम ने कड़ी फटकार लगाते हुए रजिस्ट्री व किसानों को मुआवजा देने में तेजी लाए जाने का निर्देश दिया था। इसका असर दिखना शुरू हो गया है।
एसडीएम धीरेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि करीब 44 प्रतिशत भूमि का बैनामा कराया जा चुका है। कार्य में और तेजी लाया जा सके, इसके लिए प्रयास किए जा रहे हैं। नायब तहसीलदार एसपी प्रजापति ने बताया कि गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस वे में जलालपुर के 19 गांवों के किसानों की 193.82 हेक्टेयर भूमि ली जा रही है।
इसमें से 2744 किसान इसके दायरे में आ रहे हैं। अब तक मुआवजे के रूप में 900 किसानों का करीब 95 करोड़ रुपए उनके खाते में भेजने की कार्रवाई पूरी की जा चुकी है। बताया कि सवरगह एक ऐसा गांव है, जहां के मानचित्र में तकनीकी त्रुटि के चलते रजिस्ट्री कार्य करने की कार्रवाई पूरी नहीं हो पा रही है। इसके सुधार के लिए रिपोर्ट भेजी गई है। रजिस्ट्री कार्य एक माह के भीतर पूरा कर लिया जाएगा।
बताते चलें कि गोरखपुर लिंक एक्सप्रेस वे जलालपुर के 19 गांव से होकर गुजरेगी। इसमें सवरगह, मुस्कुराई, अमरपुर, महगीपुर, नत्थूपुर, दुल्लहुपुर खुर्द, मसोढा, पर्वतपुर, खानपुर हुसैनाबाद, सेहरी, ढाका, महमदपुर ओदरपुर व अजमलपुर समेत अन्य गांव शामिल हैं।