अंबेडकरनगर। मिलावटी खाद्य सामग्री बिक्री करने के 14 वादों का न्याय निर्णायक अधिकारी/एडीएम न्यायालय ने निस्तारण किया है। न्यायालय ने दोषी दुकानदारों पर 2 लाख 35 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। इन मामलों में खाद्य विभाग की टीम ने बीते दिनों छापा मारकर मिलावट के संदेह में नमूना एकत्रित कर जांच के लिए भेजा था। जांच में नमूना अधोमानक पाए जाने के बाद संबंधित दुकानदारों के विरुद्ध वाद दायर किया गया था। इन्हीं मामलों की सुनवाई करते हुए न्याय निर्णायक अधिकारी ने निर्णय सुनाया है।
बताते चलें कि खाद्य विभाग की टीम ने बीते दिनों छापा मारकर अलग-अलग दुकानों से खाद्य सामग्रियों के नमूनों को जांच के लिए भेजा था। इनमें विभिन्न खाद्य सामग्रियों के 14 नमूने अधोमानक पाए गए थे। इस पर खाद्य विभाग की टीम ने न्याय निर्णायक अधिकारी/एडीएम न्यायालय में वाद दायर किया था। मामले की सुनवाई करते हुए बुधवार को एडीएम अशोक कुमार कनौजिया ने 14 वादों का निस्तारण करते हुए दोषी दुकानदारों पर 2 लाख 35 हजार रुपये का जुर्माना लगाया।
इसमें दूध के चार नमूने अधोमानक मिलने पर 60 हजार रुपये, पनीर के अधोमानक मिले दो वादों पर 50 हजार रुपये, दूध से बनी मिठाई के दो नमूने के मामले में 30 हजार रुपये, बिना लाइसेंस के खाद्य सामग्री बेचने वाले 4 दुकानदारों पर 60 हजार रुपये व दो अन्य मामले में वादों का निस्तारण करते हुए 35 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है। अभिहित अधिकारी राजवंश श्रीवास्तव ने बताया कि मिलावटी खाद्य सामाग्री बिक्री करने वालों के खिलाफ लगातार छापा मारने की कार्रवाई की जाती है। आगे भी यह अभियान जारी रहेगा।