प्लास्टर लगाने में लापरवाही, गलत जगह जुड़ी हड्डी
टांडा। राजकीय मेडिकल कॉलेज सद्दरपुर में गलत ढंग से प्लास्टर लगा दिए जाने का मामला सामने आया है। इससे एक किशोर के हाथ की हड्डी सही स्थान पर जुड़ने के बजाय हट गई। परिवारीजनों ने इस पर नाराजगी जताते हुए दोषी कर्मचारियों पर कार्रवाई की मांग की है।
लालापुर निवासी दिनेश वर्मा का 12 वर्षीय पुत्र समीर बीते दिनों घर में खेलते हुए गिर पड़ा था। इससे उसके बाएं हाथ में फ्रैक्चर हो गया था। राजकीय मेडिकल कॉलेज लाए जाने के बाद आर्थो विभाग ने कच्चा प्लास्टर चढ़ा दिया। एक सप्ताह बाद जब दिनेश अपने पुत्र को लेकर फिर से पहुंचे तो वहां प्रशिक्षण ले रहीं छात्राओं व एक कंपनी के कर्मचारियों द्वारा पक्का प्लास्टर लगा दिया गया। 40 दिन बाद शनिवार को जब समीर को लेकर दिनेश मेडिकल कॉलेज पहुंचे तो वहां प्लास्टर काटने के बाद पता चला कि हड्डी ठीक स्थान पर नहीं जुड़ी थी। इसके चलते ही उसका दर्द ठीक होने का नाम नहीं ले रहा था। गलत ढंग से प्लास्टर लगने की जानकारी मिलते ही इसे लेकर पिता ने गहरी नाराजगी जताई। चिकित्सक ने हालांकि फिर से प्लास्टर चढ़ा दिया लेकिन पिता ने मामले में संबंधित के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। मेडिकल कॉलेज के चीफ प्राक्टर सुजीत राय ने बताया कि ऐसी कोई शिकायत नहीं मिली है। कर्मचारी जिम्मेदारी के साथ काम करते हैं। फिर भी मामले में छानबीन कराई जाएगी।