इसमें पंजीकृत कूली की पूरी जानकारी भी उपभोक्ता को मिल सकेगी। एप में रीयल टाइम लोकेशन, डिजिटल पेमेंट, ईटीए, कस्टमर सपोर्ट के साथ ही मल्टी लैंग्वेज की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है।
एमएनएनआईटी के बीटेक के छात्रों ने यात्रियों की सुविधा के लिए अपना स्टार्टअप तैयार किया है। इसका नाम 'कूलीवाले' रखा है। एमएनएनआईटी के बीटेक तृतीय वर्ष के छात्र उत्सव गुप्ता और ऋषभ सिंह ने इस एप को तैयार किया है और रेलवे के साथ मिलकर स्टेशन पर कूली संघ के साथ करार किया है। इस एप के जरिए यात्रियों को कूली बुक करने से लेकर उनके रेट आदि की सभी जानकारी मिलेगी।
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साथ ही इसमें पंजीकृत कूली की पूरी जानकारी भी उपभोक्ता को मिल सकेगी। एप में रीयल टाइम लोकेशन, डिजिटल पेमेंट, ईटीए, कस्टमर सपोर्ट के साथ ही मल्टी लैंग्वेज की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है। किसी भी यात्री को एप के जरिए कूली बुक करने के लिए पहले ऑनलाइन खाता बनाना होगा। इसके बाद यात्री को अपना पीएनआर विवरण, पिकअप और ड्रॉप स्थान, सामान का वजन आदि डालना होगा। इसके बाद सिर्फ एक क्लिक पर कूली यात्री के पास दो मिनट में पहुंच जाएंगा।
उत्सव बताते हैं कि स्टार्टअप की शुरूआत करने की प्रेरणा उनको ओयो के संस्थापक रीतेश अग्रवाल से मिली। उनको नौकरी करने वाला नहीं, नौकरी देने वाला बनना है। मूलरूप से बिहार के रहने वाले उत्सव का कहना है कि बिहार से आने वाले मजदूरों को जिस प्रकार से दिल्ली और मुम्बई जैसे महानगरों में भटकना पड़ता है। इससे उनको बहुत पीड़ा होती है। इस एप से उन मजदूरों को भी मदद मिलेगी। स्टार्टअप के लिए एमएनएनआईटी की तरफ से दो से दस लाख निवेश की तैयारी है। पायलेट प्रोजेक्ट पूरा होने के बाद 22 जनवरी को वह अपना एप लांच करेंगे।