कोरांव थानांतर्गत एक गांव की महिला ने सगे देवर पर अपनी छह वर्ष की मासूम बेटी से दुराचार करने का आरोप लगाया। बाद में थाने पहुंचा पति ने ऐसी घटना से इंकार किया। कहा कि पत्नी और देवर के बीच आपसी विवाद है। इसी से नाराज होकर पत्नी ने गलत सूचना दे दी। मामले में स्थानीय पुलिस ने पति का लिखित बयान लिया। इसके बाद घर भेज दिया। इसके पहले पत्नी दो घंटे तक थाने में बैठी रही और देवर पर अपनी छह वर्ष की मासूम बेटी के साथ दुराचार करने का आरोप लगाकर रिपोर्ट दर्ज करने की मांग करती रही।
घटना रविवार दोपहर दो बजे की बताई जा रही है। मासूम की मां थाने पहुंचकर बताई कि उसके पति तीन भाई हैं। दूसरे भाई की शादी हो चुकी है। तीसरे की शादी अभी नहीं हुई है। रविववार को वह समूह की बैठक में हिस्सा लेने गई थी और उसका पति बगल गांव के होटल में काम करने गया था। घर पर उसके दो बेटे और एक छह वर्ष की छोटी बेटी थी। दोनों बेटे बाहर खेलने चले गए और बच्ची को अकेले देख उसने दुष्कर्म किया। बच्ची रोने लगी तो दोनों भाई दौड़कर आए। भाइयों को आता देख देवर फरार हो गया।
बेटों ने दौड़कर इस बात की जानकारी मां को दी। महिला ने बताया कि जब वह घर आई तो उसकी बेटी खून से लथपथ थी। महिला ने इस बात की सूचना स्थानीय पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस मां और बच्ची को थाने ले गई। महिला वहां दो घंटे तक रिपोर्ट दर्ज करवाने के लिए गुहार लगाती रही लेकिन कुछ हुआ नहीं। महिला ने यह भी कहा कि उसके देवर ने तीसरी बार ऐसा किया है। शाम छह बजे थाने पर उसका पति और सास भी पहुंच गईं। दोनों महिला को घर जाने के लिए दबाव बनाने लगे।
हालांकि, महिला देर तक रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए अड़ी रहीं। बाद में उसके पति ने लिखित सूचना देकर बताया कि उसकी पत्नी और उसके छोटे भाई से आपस में विवाद रहता है। इसी वजह से उसकी पत्नी गलत सूचना दी। दुराचार जैसी कोई घटना नहीं हुई। बताया जा रहा है कि पति की ओर से पुलिस को दी गई लिखित सूचना में महिला का अंगूठा भी लगवाया गया है। मामले में प्रभारी निरीक्षकक चंद्रभान सिंह ने कहा कि उन्हें कोई तहरीर नहीं मिली है। महिला के पति की ओर से जो सूचना मिली है, उसके हिसाब से कार्रवाई की जा रही है।