महिलाओं ने बढ़ चढ़कर किया मतदान।
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जिले के 4712 बूथों पर सुबह सात बजे से मतदान शुरू हुआ। मतदान के दौरान मतदाता सूची और ईवीएम में गड़बड़ी को लेकर कई शिकायतें रहीं। मेजा के उमापुर कला तथा प्रतापपुर के ठटा शोरो गांव के मतदाताओं ने वोटिंग का बहिष्कार किया। इन गांवों के बूथों पर क्रमश: मात्र एक तथा आठ वोट पड़े। 12 बूथों पर कंट्रोल यूनिट, सात पर बैलेट यूनिट तथा 11 पर वीवीपैट बदलने पड़े।
सुबह के समय मतदान में तेजी दिखी। 11 बजे तक इलाहाबाद में करीब 24 तथा फूलपुर में 22.78 फीसदी मतदान हुआ था लेकिन इसके बाद अपेक्षाकृत रफ्तार कुछ धीमी हो गई। मतदान शाम छह बजे तक हुआ। हर बूथ पर सुरक्षा का व्यापन इंतजाम रहा। सीसीटीवी कैमरे से नजर रखने के साथ क्रिटिकल केंद्रों की वेबकॉस्टिंग भी कराई गई।
मतदान के बाद मुंडेरा मंडी परिसर स्थित स्ट्रांग रूम में ईवीएम जमा कराने की प्रक्रिया देर रात तक चलती रही। इलाहाबाद और फूलपुर संसदीय सीट तथा भदोही लोकसभा के हंडिया एवं प्रतापपुर विधानसभा में पड़े मतों की गिनती चार जून को मुंडेरा मंडी परिसर में होगी।
पढ़े-लिखे लोगों के क्षेत्र उत्तरी में फिर घरों से नहीं निकले मतदाता
पढ़े-लिखे लोगों का क्षेत्र शहर उत्तरी एक बार फिर मतदाता के मामले में फिसड्डी रहा। यहां मात्र करीब 37 प्रतिशत मतदान हुआ है। शहर पश्चिमी में भी महज 44.82 फीसदी वोटिंग हुई है। इसका नतीजा रहा कि इन दोनाें विधानसभा वाला फूलपुर संसदीय क्षेत्र वोटिंग के मामले में निचले पायदान पर रहा।
विगत चुनावों में भी शहर उत्तरी के नाम सबसे कम मतदान का रिकार्ड रहा है। हालांकि 2019 में इस विधानसभा में 41 प्रतिशत वोटिंग हुई थी। शहर पश्चिमी में 2019 में भी 44.90 प्रतिशत हुआ था। फूलपुर लोकसभा के अंतर्गत फाफामऊ में 52.93, सोरांव में 55.64 तथा फूलपुर में 56.18 फीसदी मतदान हुआ है।
वहीं इलाहाबाद संसदीय सीट के अंतर्गत शहर दक्षिणी में सबसे कम मात्र 40.32 फीसदी मतदान हुआ है। 2019 में भी दक्षिणी में सबसे कम मात्र 40.38 प्रतिशत मतदान हुआ था। इलाहाबाद के अन्य विधानसभा क्षेत्रों मेजा में 52.34, करछना में 53.88, बारा में 57.58 तथा कोरांव में 56.7 प्रतिशत मतदान हुआ है।
प्रयागराज की दोनों सीटों पर कम मतदान के पीछे मतदाताओं की उदासीनता तो रही ही, प्रशासनिक लापरवाही भी बड़ा कारण रहा। मतदाता सूची में गड़बड़ी तथा मतदाता पर्ची का घरों तक नहीं पहुंचना रहा। बड़ी संख्या में लोगों के नाम मतदाता सूची से गायब थे। इतना ही नहीं एक ही परिवार के अलग-अलग मतदान केंद्रों में भी बंट गए थे। कई के मतदान केंद्रों के बीच की दूरी तो चार किमी से भी अधिक है। कंट्रोल रूम में भी इसे लेकर सबसे अधिक शिकायतें पहुंची।
इलाहाबाद संसदीय सीट
विधानसभा 2014 2019 2024
मेजा 53.85 53 52.34
करछना 57.69 52 53.88
दक्षिणी 43.36 40.38 40.32
बारा 57.81 54.50 57.58
कोरांव 56.82 56 56.70
कुल 53.44 51.83 51.75
मतदान शांतिपूर्वक ढंग से संपन्न हुआ। एक-दो जगहों पर मतदान के बहिष्कार की सूचना रही। वहां के लोगों से पूर्व में भी अफसरों ने संपर्क किया था। मतदान के दौरान भी अफसर उनके बीच पहुंचे थे। वार्ता कर मनाने की कोशिश की गई। इसके अलावा कहीं से बड़ी गड़बड़ी की शिकायत नहीं आई है। मतदान के बाद ईवीएम मुंडेरा मंडी परिसर स्थित स्ट्रांग रूम में जमा कराई गई। मतगणना भी वहीं होगी। ईवीएम व्यापक सुरक्षा के बीच में रखी गई है। - नवनीत सिंह चहल, डीएम