समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री राम आसरे विश्वकर्मा ने सरकारी नौकरियों से लेकर लोकसभा, विधानसभा में विश्वकर्मा समाज की जनसंख्या के अनुसार भागीदारी की मांग की है। रविवार को पटेल नगर में आयोजित विश्वकर्मा सम्मेलन में उन्होंने प्रदेश की योगी सरकार पर भी निशाना साधा। कहा कि योगी सरकार ने विश्वकर्मा पूजा की छुट्टी निरस्त कर समाज की पहचान मिटाने का काम किया है, जबकि पूर्व की अखिलेश सरकार ने ही विश्वकर्मा पूजा की छुट्टी घोषित कर समाज के लोगों का मान बढ़ाया था।
अखिल भारतीय विश्वकर्मा शिल्पकार महासभा की ओर से आयोजित सम्मेलन में रामआसरे विश्वकर्मा ने प्रदेश की कानून व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए। कहा कि प्रदेश में आपराधिक घटनाओं का ग्राफ बढ़ता ही जा रहा है। राज्य सरकार ने पिछड़े वर्ग की कई महत्वपूर्ण योजनाओं को बंद कर दिया है। उन्होंने कहा कि अपने हक के लिए अगर जरूरत पड़ी तो सड़क पर उतरकर आंदोलन भी किया जाएगा। इसके पूर्व सम्मेलन में फूलपुर से सपा सांसद नागेंद्र सिंह पटेल का नागरिक अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर नागेंद्र सिंह पटेल ने कहा कि उपचुनाव जीताने में विश्वकर्मा समाज के लोगों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उनकी हर समस्या को लेकर सपा सदन में संघर्ष करेगी। कार्यक्रम में एमएलसी बासुदेव यादव, सपा जिलाध्यक्ष कृष्णमूर्ति सिंह यादव, महेंद्र विश्वकर्मा, रमाकांत विश्वकर्मा, संदीप विश्वकर्मा, शिव प्रसाद विश्वकर्मा, दान बहादुर मधुर, रमाकांत बंगाली, शिवशंकर वर्मा, अनुराग विश्वकर्मा, तिलकराज विश्वकर्मा आदि मौजूद रहे।