खास बात यह है कि परीक्षा नियंत्रक देवेंद्र प्रताप सिंह के हस्ताक्षर स्कैन करके उसमें फर्जी तरीके से लगाए गए हैं। जबकि उस अवधि में वह यहां नियुक्त ही नहीं थे। यह मार्कशीट गाजीपुर जिले के राजधारी सिंह स्मारक महाविद्यालय अध्ययन केंद्र की है।
उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय में फर्जी मार्कशीट से डिग्री निकलवाने आया युवक गिरफ्तार कर लिया गया। विवि कर्मचारियों की तहरीर पर मुकदमा लिखकर फाफामऊ पुलिस ने उसे जेल भेज दिया। आरोपी लालता प्रसाद आजमगढ़ का रहने वाला है। पुलिस के मुताबिक, विवि कर्मचारियों ने बताया कि मंगलवार को एक युवक विवि की मार्कशीट की फोटोकॉपी और आईडी प्रुफ लेकर पहुंचा और बताया कि उसे डिग्री निकलवानी है।
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उसकी मार्कशीट के नामांकन संख्या की जांच की गई तो वह फर्जी निकली। इसके बाद जब उससे मूल कॉपी दिखाने को कहा गया तो वह इधर उधर देखने लगा। परीक्षा नियंत्रक देवेंद्र प्रताप सिंह ने अन्य कर्मचारियों को बुलाकर युवक से सख्ती से पूछताछ की तो फर्जीवाड़ा सामने आ गया। युवक ने बताया कि उसने किसी दूसरे छात्र की मार्कशीट में छेड़छाड़ कर फर्जी मार्कशीट बनाई। एमए अंग्रेजी के जिस मार्कशीट पर डिग्री निकलवाने पहुंचा था, वह जून 2013 की परीक्षा के बाद छह दिसंबर 2013 को जारी किया गया है।
खास बात यह है कि परीक्षा नियंत्रक देवेंद्र प्रताप सिंह के हस्ताक्षर स्कैन करके उसमें फर्जी तरीके से लगाए गए हैं। जबकि उस अवधि में वह यहां नियुक्त ही नहीं थे। यह मार्कशीट गाजीपुर जिले के राजधारी सिंह स्मारक महाविद्यालय अध्ययन केंद्र की है। फाफामऊ एसओ आशीष सिंह ने बताया कि आरोपी से आधार कार्ड बरामद हुआ है। उसे जेल भेज दिया गया है।