फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूपीपीएससी : एलटी ग्रेड कला के 90 पदों पर फंसी नियुक्ति

Sun, 17 Jul 2022 12:10 AM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती परीक्षा वर्ष 2018 में आयोजित की गई थी। इसके तहत 15 विषयों में 10768 पदों पर भर्ती होनी थी। इनमें एलटी ग्रेड कला के 470 पद शामिल थे, जिनमें 192 पद पुरुष और 278 पद महिला वर्ग में थे।
विज्ञापन
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) - फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती के तहत कला विषय में 90 चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति फंसी हुई है। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) की ओर से माध्यमिक शिक्षा निदेशालय को चयनित अभ्यर्थियों की फाइलें दोबारा भेजी जा चुकी हैं, लेकिन निदेशालय ने नियुक्ति पर अभी तक कोई निर्णय नहीं लिया है और अभ्यर्थी नौकरी के लिए भटक रहे हैं।

विज्ञापन



एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती परीक्षा वर्ष 2018 में आयोजित की गई थी। इसके तहत 15 विषयों में 10768 पदों पर भर्ती होनी थी। इनमें एलटी ग्रेड कला के 470 पद शामिल थे, जिनमें 192 पद पुरुष और 278 पद महिला वर्ग में थे। आयोग ने इस विषय के लिए ललित कला से स्नातक (बीएफए) और बीएड की अर्हता निर्धारित की थी, लेकिन बड़ी संख्या में ऐसे अभ्यर्थियों ने आवेदन कर दिए, जिनके पास केवल एमएफए की डिग्री थी और उन्होंने बीएड नहीं किया था। ऐसे 90 अभ्यर्थियों का चयन भी हो गया, लेकिन आयोग ने अभिलेख सत्यापन के दौरान इनकी फाइलें रोक दीं।


विवाद बढ़ने के बाद आयोग ने इस मामले में एनसीटीई से दिशा-निर्देश मांगे। एनसीटीई की ओर से बताया गया कि बीएफए चार साल की डिग्री है और इसमें प्रशिक्षण भी शामिल है। केंद्रीय विद्यालयों, नवोदय विद्यालयों, उत्तराखंड और दिल्ली के विद्यालयों में केवल बीएफए की डिग्री वालों को शिक्षक भर्ती के लिए अर्ह माना जाता है। इस आधार पर आयोग ने माध्यमिक शिक्षा निदेशालय को 90 अभ्यर्थियों की फाइलें भेज दीं थीं। हालांकि, निदेशालय ने अर्हता के मसले पर शासन से दिशा-निर्देश मांग लिए थे, लेकिन जब वहां से कोई जवाब नहीं मिला तो निदेशालय ने आयोग को फाइलें लौटा दीं थी।

विज्ञापन

फाइलें वापस आने पर आयोग ने इस मसले पर विषय विशेषज्ञोें से सलाह ली और इसी आधार पर 90 चयनित अभ्यर्थियों की फाइलें नियुक्ति की संस्तुति के साथ निदेशालय को दोबारा भेज दीं। एक माह से अधिक समय बीत चुका है, लेकिन निदेशालय ने इस पर कोई निर्णय नहीं लिया। प्रतियोगी छात्र मोर्चा के अध्यक्ष अध्यक्ष विक्की खान का कहना है कि एनसीटीई और विषय विशेषज्ञों की सलाह के आधार पर आयोग ने जब दोबारा फाइलें भेज दी हैं तो निदेशालय को भी अब अभ्यर्थियों को नियुक्ति दे देनी चाहिए। उन्होंने निदेशालय से मांग की है कि अभ्यर्थियों को शीघ्र विद्यालय आवंटित किए जाएं और नियुक्ति प्रदान की जाए।
विज्ञापन

इस बार अर्हता स्पष्ट होने के बाद जारी होगा विज्ञापन
भर्ती परीक्षाओं में अर्हता के विवाद अक्सर सामने आते हैं और इसी वजह से भर्तियां भी फंस जाती हैं। अब उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन में हर भर्ती से संबंधित शैक्षिक अर्हता पूरी तरह से स्पष्ट करने के लिए विभागों को पत्र लिखा है। आयोग को एलटी ग्रेड शिक्षक के तकरीबन पांच हजार पदों का अधियाचन मिल चुका है। आयोग ने तय किया है कि संबंधित विभाग से एलटी ग्रेड शिक्षक भर्ती के लिए प्रत्येक विषय से संबंधित शैक्षिक अर्हता को लेकर स्थिति स्पष्ट किए जाने के बाद ही नया विज्ञापन जारी किया जाएगा।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें