इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उच्चतर शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा 917 सहायक प्रोफेसर पदों की भर्ती के मामले में जवाब दाखिल करने के लिए यूपी सरकार को अंतिम मौका दिया है। कोर्ट ने कहा है कि यूपी सरकार अगली सुनवाई की तिथि तक अपना जवाब दाखिल करे।
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने उच्चतर शिक्षा सेवा चयन आयोग द्वारा 917 सहायक प्रोफेसर पदों की भर्ती के मामले में जवाब दाखिल करने के लिए यूपी सरकार को अंतिम मौका दिया है। कोर्ट ने कहा है कि यूपी सरकार अगली सुनवाई की तिथि तक अपना जवाब दाखिल करे। नहीं तो कोर्ट इस मामले में आदेश पारित करेगी। कोर्ट ने सुनवाई के लिए 23 मई की तिथि तय की है।
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यह आदेश न्यायमूर्ति अजीत कुमार ने महेंद्र सिंह व तीन अन्य की याचिका पर सुनवाई करते हुए दिया है। कोर्ट ने कहा कि उसने अपने दो मई के आदेश में कोरम पूरा कर भर्ती पूरा करने का स्पष्ट आदेश दिया था, लेकिन यूपी सरकार ने अभी तक इस मामले में कोई ठोस निर्णय नहीं लिया है। इससे पूरी प्रक्रिया रुकी हुई है। अगर सरकार 23 मई तक कोई ठोस कार्यवाही नहीं करती है तो कोर्ट इस मामले में उचित आदेश पारित करेगी।
सरकार ने पिछली सुनवाई पर तर्क दिया था कि वह उच्च शिक्षा, माध्यमिक शिक्षा व प्राथमिक शिक्षा का एक चयन आयोग बनना चाहती है। इसलिए आयोग व बोर्ड के सदस्यों का कार्यकाल पूरा होने के बाद भी खाली पदों पर नियुक्ति नहीं कर रही है। कोरम के अभाव में चयन प्रक्रिया रुकी हुई है। इस पर न्यायमूर्ति अजित कुमार ने कहा कैबिनेट के निर्णय जब तक कानून न बन जाएं, वर्तमान कानून पर प्रभावी नहीं होंगे। सरकार किसी संस्था को निरर्थक नहीं कर सकती। कोर्ट ने कहा था कि कोरम पूरा न होने के बावजूद बचे सदस्य चयन प्रक्रिया पूरी करें।