पुलिस ने हिरासत में लिए गए युवकों से दो दिन तक कोतवाली में रखकर पूछताछ करने के बाद उन्हें छोड़ दिया। संदिग्ध कार को भी न्यायालय में दाखिल कर प्रकरण को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया। पूछताछ के दौरान अखलाक ने पुलिस को बताया कि वह उमेश पाल की हत्या के बाद अतीक के बेटे असद और दो अन्य शूटरों को अपनी कार में बिठा कर मेरठ ले जाने के लिए आया था। पकड़े जाने के डर से उसने अपनी कार को संदीपन घाट के बसेढ़ी गांव में खड़ी कर दिया और दूसरी कार में बैठकर भाग निकला। प्रयागराज एसटीएफ की पकड़ में आए माफिया अतीक के बहनोई अखलाक से पुलिस कई बिंदुओं पर पूछताछ कर रही है।
पकड़ी गई संदिग्ध कार के नंबर प्लेट के आधार पर अखलाक का नाम सामने आया था। कार को कोर्ट में दाखिल कर अधिकारियों को सूचना दे दी गई थी। छानबीन के दौरान अखलाक का अतीक से संबंध होने की बात सामने आ रही है तो कार्रवाई की जाएगी। - राकेश राय, इंस्पेक्टर-संदीपन घाट