हाईकोर्ट ने पूर्व भाजपा विधायक उदयभान करवरिया को राहत देते हुए उनको दस दिन के लिए पेरोल पर रिहा करने का आदेश दिया है। इस दौरान पूर्व विधायक पुलिस की सुरक्षा में रहेंगे। पेरोल की अवधि समाप्त होते ही उनको वापस जेल जाना होगा। उदयभान की जमानत अर्जी पर न्यायमूर्ति रमेश सिन्हा ने सुनवाई की।
अर्जी में कहा गया कि याची की पत्नी भाजपा विधायक नीलम करवरिया बीमार हैं। उनको लीवर की गंभीर समस्या है। इलाज के लिए बाहर ले जाना है, इसलिए याची का पत्नी के पास होना जरूरी है। इस पर कोर्ट ने उनको दस दिन के लिए पेरोल पर रिहा करने का आदेश दिया है। इस दौरान पुलिस 24 घंटे उनके साथ निगरानी में रहेगी। उदयभान और उनके दोनों भाई कपिनमुनि तथा सूरजभान करवरिया पूर्व विधायक जवाहर यादव उर्फ पंडित की हत्या के मामले में पिछले कई वर्षों से जेल में हैं। जवाहर यादव की पत्नी विजमा यादव की अधिवक्ता स्वाती अग्रवाल ने उदयभान की अर्जी का विरोध किया।