राष्ट्रद्रोह मामले में उबेद और वसीउल्ला तलब
प्रयागराज। जिला न्यायालय ने राष्ट्रद्रोह के विचाराधीन मुकदमे में अभियुक्त उबैदउल्ला और वसीउल्ला को व्यक्तिगत रुप से न्यायालय में उपस्थित होने का आदेश दिया है। मामले की सुनवाई 10 जनवरी 2022 को होगी। यह आदेश फास्ट ट्रैक कोर्ट की न्यायाधीश निशा झा ने दिया है।
जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी गुलाब चंद्र अग्रहरि ने बताया कि प्रकरण 2001 का थाना फूलपुर के ग्राम सराय लिली उर्फ खोजापुर का है। प्रकरण में वलीउल्ला, उबैदुल्ला, वसीउल्ला और उज्जैरआलम को अभियुक्त बनाया गया है। अभियुक्त वलीउल्ला गाजियाबाद जेल में बंद है। अभियुक्तों पर आरोप है कि भारत सरकार के विरुद्ध युद्ध छेड़ने के उद्देश्य से साजिश करने और सरकार के खिलाफ युद्ध करने की तैयारी किया। जिहाद के नाम पर सरकार के खिलाफ साहित्य व पर्चे छपवा कर बांटने व सरकार के प्रति घृणा फैलाने का कार्य किया। उक्त मामले में अभियोजन की गवाही समाप्त हो गई है। दंड प्रक्त्रिस्या संहिता की धारा 313 के तहत वसीउल्लाह का बयान मुलजिम नहीं हो सका है। शेष अभियुक्तों का बयान हो चुका है। बुधवार को मामले की सुनवाई हुई। अभियुक्त गण की ओर से हाजिरी माफ किए जाने की अर्जी प्रस्तुत की गई। जिसका अभियोजन ने विरोध किया। अभियोजन का कहना है कि प्रकरण अति प्राचीन है और संवेदनशील है। कोर्ट ने सुनवाई के बाद अभियुक्त गण को एक और अवसर प्रदान करते हुए 10 जनवरी 2022 को सुनवाई किए जाने की तारीख दी है। कोर्ट ने अभियुक्त उबैदुल्लाह और वसी उल्लाह को उक्त नियत तिथि पर व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का आदेश दिया है।