प्रसव के दौरान मंगलवार रात को दुष्कर्म पीड़िता और उसके दो बच्चों की मौत हो गई। बुधवार को मृतकों का परिजन एवं ग्रामीणों द्वारा अंतिम संस्कार कर दिया गया। मामले में पीड़िता द्वारा युवक के खिलाफ अगस्त में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया था, तब से आरोपी अभी जेल में है। मामला मऊआइमा इलाके के एक गांव का है।
गांव की एक महिला का बेटा पुणे में काम करता था। अंबेडकर नगर निवासी युवक भी उसके साथ वहां काम करता था। इस दौरान उसकी महिला की बेटी से नजदीकियां बढ़ गईं और वह घर आने-जाने लगा।
लॉकडाउन के दौरान मार्च में युवक महिला की बेटी को बहला फुसला कर अपने घर ले गया। महिला का आरोप है कि युवक ने उसकी बेटी के साथ दुष्कर्म किया। जब वह गर्भवती हो गई तो आरोपी युवक के बहनोई ने बेटी का उत्पीड़न शुरू कर दिया और अगस्त माह की शुरुआत में उसके घर पहुंचा दिया।
गर्भवती दुष्कर्म पीड़िता ने 8 अगस्त को परिजन के साथ मऊआइमा थाने पहुंचकर युवक और उसके बहनोई के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने आरोपी युवक को गिरफ्तार कर लिया था। मंगलवार की रात गर्भवती दुष्कर्म पीड़िता की घर में हालत खराब हो गई। परिवारवाले उसे प्रयागराज के अस्पताल ले गए जहां युवती और उसके दो बच्चों की मौत हो गई। बुधवार को परिजन एवं ग्रामीणों द्वारा शवों का अंतिम संस्कार कर दिया गया। मऊआइमा थाना प्रभारी राम केवल पटेल का कहना है कि आरोपी जेल में है, जच्चा-बच्चा की मौत होने के मामला उनके संज्ञान में नहीं है।