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भीड़ ऐसी आई कि चलानी पड़ गई 20 स्पेशल ट्रेनें

Sat, 28 Jan 2017 02:45 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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इलाहाबाद - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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मकर संक्रांति स्नान पर्व पर इलाहाबाद जंक्शन पर जहां सन्नाटा छाया रहा तो वहीं माघ मेले के सबसे बड़े स्नान पर्व मौनी अमावस्या पर हर तरफ भीड़ का रेला ही दिखाई पड़ा।  इलाहाबाद जंक्शन हो या प्रयाग, इलाहाबाद सिटी हो या फिर दारागंज रेलवे स्टेशन। सभी स्टेशनों पर मौनी अमावस्या पर्व के मौके पर श्रृद्धालुओं की खूब भीड़ रही। भारी भीड़ की वजह से रेलवे को विभिन्न स्थानों के लिए 20 स्पेशल ट्रेनें चलानी पड़ गई। इस बीच जंक्शन पर शाम को भीड़ बढ़ती देख डीआरएम एसके पंकज समेत तमाम अफसर पहुंच गए। माघ मेला में आने वाले श्रृद्धालुओं की सुविधा के लिए जंक्शन पर बनाए गये यात्री बाड़ा भी ठसाठस रहे।
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ये तय था कि मौनी अमावस्या स्नान पर्व पर भीड़ उमड़नी है। ऐसा हुआ भी। सुबह के समय इलाहाबाद आने वाली  सभी प्रमुख ट्रेनों में यात्रियों की खूब भीड़ आई, जबकि सुबह दस बजे के बाद वापसी करने वालों की भीड़ बढ़ गई। रूट चाहे कानपुर का हो या फिर जबलपुर का। सभी रूटों की ट्रेनें यात्रियों से पूरी तरह से पैक गई। दोपहर 12 बजे बाद आलम ये हो गया कि जंक्शन पर जो भी ट्रेन आई उसके तमाम कोचों के बाथरूम तक में भीड़ घुस गई। कालका मेल, हावड़ा-जोधपुर समेत कई ट्रेनों के स्लीपर कोच के शौचालय का यही हाल रहा।

शाम को मेरठ जाने वाली संगम और नौचंदी के भी आरक्षित कोचों में जनरल टिकट लिए यात्रियों ने कब्जा कर लिया। जिनके आरक्षित टिकट थे उनमें से बहुत से यात्रियों को अपनी ही सीट से बेगाना होना पड़ा। दिन भर में इलाहाबाद जंक्शन से मुगलसराय, जबलपुर, कानपुर आदि रूट की तरफ दस स्पेशल ट्रेनें चलाई गई। उधर प्रयाग स्टेशन पर भी खूब भीड़ रही। यहां से लखनऊ, फैजाबाद रूट के लिए आठ स्पेशल ट्रेनें चलाई गई, जबकि इलाहाबाद सिटी से मंडुवाडीह के लिए दो स्पेशल ट्रेनों का संचालन किया गया। इसके अलावा संबंधित रूट पर चलने वाली अन्य ट्रेनों का ठहराव भी बीच रास्ते पड़ने वाले सभी स्टेशनों पर किया गया।
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मौनी अमावस्या के अवसर पर कई एक्सप्रेस ट्रेनों अतिरिक्त ठहराव किया गया। इसमें सियालदाह-अजमेर, मगध, नंदन कानन, रीवा एक्सप्रेस आदि ट्रेनें प्रमुख रूप से शामिल रही। उधर स्पेशल ट्रेन के रूप में सुबह पांच बजे कानपुर के लिए पहली ट्रेन चलाई गई। इसके बाद जंक्शन से 11 बजे दूसरी ट्रेन कानपुर भेजी गई। दिन में 1.50, 2.40 ओर शाम 4.05 बजे मुगलसराय और 1.15 बजे मानिकपुर के लिए स्पेशल ट्रेन भेजी गई। जबलपुर के लिए दिन में 3.55 बजे स्पेशल ट्रेन जंक्शन से रवाना हुई।

स्नान पर्व के दिन इलाहाबाद जंक्शन के साथ माघ मेला स्थित रेलवे के शिविर से भी अनारक्षित टिकटों की खूब बिक्री हुई। शाम चार बजे तक कानपुर की तरफ जाने वाली ट्रेनों में 4215, मुगलसराय की तरफ 4270, जबलपुर की तरफ 4335 एवं अन्य दिशाओं की ओर जाने वाली ट्रेनों 1748 टिकट बिके। शाम चार बजे तक यह आंकड़ा14568 था जो रात आठ बजे 22796 हो गया। उधर यात्री सुरक्षा के मद्देनजर आरपीएफ और जीआरपी के भी सैकड़ों जवान दिन भर तैनात रहे। कुल 54 सीसीटीवी कैमरों से यात्रियों की निगरानी की गई। आरपीएफ के सीनियर डीएसएसी डीके मौर्य, पीके राणा, आई जी जीआरपी एंटनी देव कुमार, थाना प्रभारी मनोज सिंह दिन भर जंक्शन पर जवानों के साथ गश्त लगाते रहे।

मौनी अमावस्या के मौके पर रोडवेज द्वारा दिन भर में  दो हजार से ज्यादा बसों का संचालन किया गया। सर्वाधिक 350 बसें आज गोरखुपर क्षेत्र के लिए चली। इसके अलावा वाराणसी, लखनऊ, फैजाबाद, कानपुर, बांदा, चित्रकूट, आजमगढ़ आदि परिक्षेत्र के लिए भी खूब बसें  चली। रोडवेज के आरएम डा. हरिशचंद्र यादव के मुताबिक सिविल लाइंस के अलावा झूंसी और नैनी में बनाए गए अस्थायी बस स्टेशन से बसों का संचालन हुआ। जीरोरोड डिपो से भी दिन भर में सौ से ज्यादा बसें चली।
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