देवरिया जेल में लखनऊ के मोहित जायसवाल की पिटाई की बात सामने आने के बाद प्रयागराज का भी एक मामला फिर से गरमा गया है। दरअसल करीब तीन हफ्ते पहले अतीक के एक करीबी के दामाद को भी देवरिया जेल में बुलवाकर पीटा गया था। उस मामले में भी अतीक पर ही आरोप लगा था। हालांकि भुक्तभोगी ने रिपोर्ट नहीं दर्ज कराई थी लेकिन उस घटना के बाद अतीक से वर्षों से जुड़ा एक गुट अलग हो गया था।
अतीक अहमद का एक करीबी मरियाडीह में रहता है। वह अतीक के साथ राजू पाल हत्याकांड में नामजद है। उसका दामाद पोंगहट पुल इलाके में रहता है। वह भी अतीक के साथ ही रहता और काम करता था। सूत्र बताते हैं कि पिछले महीने अतीक अहमद ने उससे कुछ काम कहा था। काफी समय बीतने के बाद भी वह काम नहीं हुआ तो अतीक ने फोन कर पूछा। इसी दौरान दोनों में कुछ बहस हो गई। इसके बाद करीब तीन हफ्ते पहले करीबी के दामाद को देवरिया जेल बुलाया गया। उसकी वहीं पर जमकर पिटाई की गई। करीब एक घंटे तक उसे मारा पीटा गया। कुछ लोगों ने वहीं मोबाइल पर उसकी वीडियो भी बना ली थी।
इसके बाद वह वापस प्रयागराज आया तो इसकी व्यापक प्रतिक्रिया हुई। मरियाडीह का एक गुट जो वर्षों से अतीक से जुड़ा था, वह अतीक गिरोह के विरोध में काम करने लगा। प्रयागराज के पुलिस अधिकारियों को भी घटना के बारे में जानकारी हो गई थी। अधिकारियों का कहना था कि जब तक भुक्तभोगी खुद शिकायत न करे, कोई कार्रवाई नहीं की जा सकती। लखनऊ वाली घटना सामने आने के बाद यह मामला फिर से ताजा हो गया। कुछ लोगों का तो यहां तक कहना है कि दोनों घटनाएं आपस में जुड़ी हैं। उसी क्रम में पहले पोंगहट पुल के युवक को फिर मोहित जायसवाल की जेल में पिटाई की गई। अब पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। जांच में सारी बात साफ हो जाएगी।