अभ्यर्थियों को यह भी बताया गया है कि यूपीपीएससी से डाटा की प्रमाणित हार्डकॉपी मांगी गई थी, लेकिन आयोग ने उपलब्ध नहीं कराई और जो डाटा दिया, वह एनआईसी की ओर से निर्धारित किए गए प्रारूप के अनुरूप नहीं है।
इस मसले पर अभ्यर्थियों ने मुख्यमंत्री कार्यालय के लोक शिकायत अनुभाग में अपनी शिकायत दर्ज कराई थी। यूपीएसएसएससी की उप सचिव वंदना त्रिवेदी की ओर से 16 अगस्त को मुख्यमंत्री कार्यालय के लोक शिकायत अनुभाग-3 को भेजे गए पत्र के अनुसार आयोग ने 906 अभ्यर्थियों का डाटा एनआईसी के निर्धारित प्रारूप पर उपलब्ध नहीं कराया है।
पत्र के माध्यम से यह भी कहा गया है कि डाटा निर्धारित प्रारूप में प्राप्त होने के बाद ही विज्ञापन प्रकाशित किया जाएगा। अभ्यर्थियों का कहना है कि यूपीएसएसएससी को महीनों पहले 3446 पदों का अधियाचन मिल चुका है, लेकिन डाटा के चक्कर में अभ्यर्थी दोनों आयोगों के बीच घनचक्कर बने हुए हैं। निर्धारित प्रारूप में डाटा भेजे जाने की मांग को लेकर अभ्यर्थी शुक्रवार को सुबह 11 बजे से यूपीपीएससी में धरना-प्रदर्शन करेंगे।